मध्य प्रदेशमें मौसम के बदले मिजाज के कारण एक बार फिर ठंड में इजाफा होने लगा है। बीते कुछ दिनों से मध्य प्रदेश में छाए मैडूस के बादल अभी भी पूरी तरह से नहीं छंट पाए हैं और मौसम विभाग के अनुसार, क्रिसमस और न्यू इयर ठंडी में इजाफा देखने को मिल रहा है। एमपी से अधितकर जिलों में पारा 12 डिग्री तक पहुंच गया है। बीते दिन 25 दिसंबर यानी क्रिसमस से ही ठंड ने अपने तेवर दिखाने शुरू कर दिए हैं। जैसा कि मौसम विभाग का भी अनुमान भी था कि 25 दिसंबर के बाद तापमान में गिरावट आएगी।

उत्तर, मध्य और उत्तर-पूर्व भारत के राज्यों में प्रचंड ठंड पड़ रही है। दिल्ली, पंजाब, हरियाणा, चंडीगढ़, उत्तर प्रदेश, बिहार, झारखंड, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, राजस्थान में गुजरते दिन के साथ शीतलहर की स्थिति और गंभीर होती जा रही है। दिल्ली-एनसीआर में धूप तो खिल रही है, लेकिन ठिठुरन से कोई राहत नहीं मिली। राष्ट्रीय राजधानी में रविवार को रात का पारा 5.3 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया। वहीं, दिल्ली के रिज क्षेत्र में न्यूनतम तापमान 3 डिग्री दर्ज किया गया, जो सामान्य से 4.9 डिग्री नीचे है।

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गौरतलब है दिसंबर के महीने में पहली बार ऐसा हो रहा था कि ठंड बिल्कुल भी नहीं पड़ रही थी। साल दर साल दिसंबर के महीने और जनवरी के महीने सबसे सर्द होते थे लेकिन इस बार दिसंबर का महीना ज्यादा सर्द नहीं रहा। कहा जा रहा है कि इसकी वजह आसमान में छाए हल्के बादल थे। ऐसे में मध्य प्रदेश वासी गुलाबी ठंड को खूब एंजॉय कर रहे थे। लेकिन मौसम विभाग की माने तो आने वाले दिनों में कोहरा और तेज सर्दी पड़ने वाली है। दरअसल मौसम विभाग के पूर्वानुमान के मुताबिक दिसंबर महीने के आखिरी दिनों से ही मौसम में बदलाव होगा और नए साल की शुरुआत लोगों को हाड़ कंपाने वाली ठंड से सामना हो सकता है।

मौसम विभाग के अनुसार अगले 4 दिनों तक उत्तर-मध्य भारत में शीतलहर से कोई राहत नहीं मिलने वाली है। राजधानी दिल्ली में आज के लिए यलो अलर्ट जारी किया गया है। रात के तापमान में और गिरावट हो सकती है. नए साल के मौके पर बर्फबारी का आनंद उठाने की सोच रहे हैं, तो आपके लिए निराशाजनक खबर है। मौसम विभाग के अनुसार हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के ज्यादातर पर्यटन स्थलों पर इस हफ्ते बर्फ पड़ने की संभावना नहीं है। जम्मू-कश्मीर, लेह और लद्दाख का विकल्प है, लेकिन यहां इतनी प्रचंड गलन और ठंड है कि जश्न मनाने के बारे में नहीं सोच सकते।