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कई नए वर्षों के उल्लास वाला देश है भारत

कई नए वर्षों के उल्लास वाला देश है भारत

By Pinal Patidar—January 2, 2022

(प्रवीण कक्कड़) ठिठुरती ठंड में नया साल दस्तक दे चुका है। जगह-जगह नए साल के कार्यक्रम हो रहे हैं। बधाइयों का तांता लगा है। कोरोना की तीसरी लहर की चेतावनी

हर पल मनाए जिन्दगी का जश्न

हर पल मनाए जिन्दगी का जश्न

By Suruchi Chirctey—January 1, 2022

जयराम शुक्ल समय की गति के हिसाब से हर नया विहान ही नया वर्ष है। हर क्षण अगले क्षण की पृष्ठभूमि बनता जाता है। सृष्टि के अस्तित्व में आने के

अखबारों में विचार अब घाटे का सौदा!

अखबारों में विचार अब घाटे का सौदा!

By Suruchi Chirctey—December 31, 2021

जयराम शुक्ल पत्र-पत्रिकाओं में एक दिलचस्प होड़ प्रायः देखने को मिलती है। होड़ यह दावा स्थापित करने के लिए है कि बाजार में सबसे प्रभावी उपस्थिति हमारी है। कोई पीछे

डर मत, बाबू चुनाव तो हर हाल में होना…!

डर मत, बाबू चुनाव तो हर हाल में होना…!

By Ayushi Jain—December 31, 2021

अजय बोकिल धर्मराज युधिष्ठिर से यक्ष ने यदि यह प्रश्न किया होता कि हमारे देश में सबसे जरूरी क्या है, तो वो क्या जवाब देते? आज के संदर्भ में इस

देश धर्म

देश धर्म

By Mohit Devkar—December 31, 2021

धैर्यशील येवले इंदौर हुई गलतियां सुधरना चाहिए इतिहास करवट बदलना चाहिए हुआ जिनके साथ भी अन्याय न्याय उन्हें अब मिलना चाहिए कब तक युही पड़ा रहेगा पर्दा प्रकाश पर से

क्या देश में ‘गृह युद्ध’ को आमंत्रित किया जा रहा है?

क्या देश में ‘गृह युद्ध’ को आमंत्रित किया जा रहा है?

By Mohit Devkar—December 31, 2021

-श्रवण गर्ग हरिद्वार (उत्तराखंड) में पिछले दिनों संपन्न विवादास्पद ‘धर्म संसद’ में भाग लेने वाले सैकड़ो महामंडलेश्वरों, संतों, हज़ारों श्रोताओं और आयोजन को संरक्षण देने वाली राजनीतिक सत्ताओं के लिए

ये है अराजकता की नई परिभाषा

ये है अराजकता की नई परिभाषा

By Pirulal Kumbhkaar—December 29, 2021

हर मुद्दे पर राजनीति और धार्मिक आस्था के नाम पर जनता को बरगलाते हुए रोटियां सेंकना नेताओं का प्रिय शगल है… जिस नगर निगम ने इंदौर को देश और दुनिया

बच्चों को किताबों से रूबरू कराना जरूरी है, रेडियो सखी ममतासिंह ने कहा

बच्चों को किताबों से रूबरू कराना जरूरी है, रेडियो सखी ममतासिंह ने कहा

By Pirulal Kumbhkaar—December 29, 2021

अखिल भारतीय महिला साहित्य समागम(Akhil Bharatiya Mahila Sahitya Samagam) में आज विविध भारती की प्रसिद्ध रेडियो सखी ममता सिंह ने भाषा की तकनीक पर अपने विचार व्यक्त किए उन्होंने कहा

साहित्य का रचा जाना आवश्यक है जीवन मूल्यों के लिए, लेखिका मीनाक्षी जोशी ने कहा

साहित्य का रचा जाना आवश्यक है जीवन मूल्यों के लिए, लेखिका मीनाक्षी जोशी ने कहा

By Pirulal Kumbhkaar—December 29, 2021

अखिल भारतीय महिला साहित्य समागम ने आज दोपहर के सत्र में अपने विचार व्यक्त करते हुए प्रसिद्ध लेखिका डॉ मीनाक्षी जोशी ने कहा जीवन मूल्यों की रक्षा के लिए साहित्य

Indore News: तानसेन समारोह में गायन की प्रस्तुति देंगे इंदौर की वैशाली बकोरे, तृप्ति कुलकर्णी शास्त्रीय

Indore News: तानसेन समारोह में गायन की प्रस्तुति देंगे इंदौर की वैशाली बकोरे, तृप्ति कुलकर्णी शास्त्रीय

By Mohit Devkar—December 28, 2021

ग्वालियर में 25 से 30 दिसंबर से आयोजित होने वाले प्रतिष्ठा पूर्ण आयोजन तानसेन समारोह में इंदौर की वैशाली बकोरे तृप्ति कुलकर्णी शास्त्रीय गायन की प्रस्तुति देंगे। तृप्ति 28 दिसंबर

साहित्य प्रेमियों के लिए खुशखबरी: मालवा उत्सव में राष्ट्रीय साहित्य विक्रय केंद्र का हुआ शुभारंभ

साहित्य प्रेमियों के लिए खुशखबरी: मालवा उत्सव में राष्ट्रीय साहित्य विक्रय केंद्र का हुआ शुभारंभ

By Pirulal Kumbhkaar—December 27, 2021

लालबाग में चल रहे मालवा उत्सव में विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमो के आयोजन में लोककला व लोक संस्कृति आधारित नृत्य व नाटकों का प्रदर्शन हो रहा है, इस उत्सव में विश्व

मेधा और सौम्यता की जीवंत प्रतिमूर्ति थे डाक्टर साहब…!

मेधा और सौम्यता की जीवंत प्रतिमूर्ति थे डाक्टर साहब…!

By Ayushi Jain—December 27, 2021

पुण्यस्मरण/जयराम शुक्ल देश के नवें राष्ट्रपति डा.शंकरदयाल शर्मा जी( जन्म: 19 अगस्त 1918, भोपाल मृत्यु: 26 दिसंबर 1999, नई दिल्ली) के स्वागत का यह सुअवसर(चित्र में दृष्टव्य) तब मिला था

महिला साहित्यकारों का वार्षिक महाकुंभ 29 और 30 दिसंबर को, जाल सभागृह इंदौर में दो दिवसीय आयोजन

महिला साहित्यकारों का वार्षिक महाकुंभ 29 और 30 दिसंबर को, जाल सभागृह इंदौर में दो दिवसीय आयोजन

By Pirulal Kumbhkaar—December 26, 2021

समकालीन महिला हिंदी लेखन पर केन्द्रित वार्षिक अखिल भारतीय महिला साहित्य समागम 29 और 30 दिसंबर 2021 को इंदौर के जाल सभागृह में आयोजित किया जाएगा। इसके सहयोगी रहेंगे मध्यप्रदेश

जीवन में जरूरी है “सेहत से संवाद”

जीवन में जरूरी है “सेहत से संवाद”

By Ayushi Jain—December 26, 2021

(प्रवीण कक्कड़) वर्ष 2021 अपने अंतिम सप्ताह में है। अच्छी बुरी तमाम बातें जल्द ही स्मृति का हिस्सा बन जाएंगी। कुछ नए संकल्प जीवन में आएंगे। उनमें जो सबसे पहला

जवानी जब जोश में आती है, तो सत्ता दौड़ लगाती है

जवानी जब जोश में आती है, तो सत्ता दौड़ लगाती है

By Pirulal Kumbhkaar—December 25, 2021

पूरी दुनिया में अंधी, गुंगी, बहरी सरकारों के कानों में तेल डालने का काम युवा जोश ही करता रहा है। पूरे विश्व में सत्ताओं को हटाने और बनाने का सबसे

समकालीन महिला लेखन की दिशा तय करेगा इंदौर का महिला साहित्य समागम

समकालीन महिला लेखन की दिशा तय करेगा इंदौर का महिला साहित्य समागम

By Pirulal Kumbhkaar—December 25, 2021

समकालीन महिला लेखन की दिशा क्या होना चाहिए आने वाले समय में महिला लेखन के सामने कौन-कौन सी चुनौतियां हैं बदलते हुए टेक्नोलॉजी के इस दौर में महिला लेखन के

भारत-पाक रिश्ते और अटल जी

भारत-पाक रिश्ते और अटल जी

By Ayushi Jain—December 25, 2021

जन्मजयंती/जयराम शुक्ल विश्व के राजनीतिक के पटल में भारत के दो महान नेता ऐसे हुए जिन्हें शांति के नोबल पुरस्कार के लिए सर्वथा उपयुक्त माना गया लेकिन उन्हें मिला नहीं..।

शोक मनाइए ! सत्ता की ज़रूरत बन गई है भीड़ की हिंसा

शोक मनाइए ! सत्ता की ज़रूरत बन गई है भीड़ की हिंसा

By Ayushi Jain—December 24, 2021

श्रवण गर्ग एक सामान्य और असहाय नागरिक को अपनी प्रतिक्रिया किस तरह से देना चाहिए ? पंजाब कांग्रेस के मुखिया और मुख्यमंत्री पद के दावेदार नवजोत सिंह सिद्धू के इस

राहुल का ‘हिंदू बनाम हिंदुत्व’: ‘सत्याग्रह’ या ‘सत्ताग्रह’ ?

राहुल का ‘हिंदू बनाम हिंदुत्व’: ‘सत्याग्रह’ या ‘सत्ताग्रह’ ?

By Ayushi Jain—December 24, 2021

अजय बोकिल कांग्रेस सांसद राहुल गांधी द्वारा हाल में ‘हिंदू और हिन्दुत्व’ के बीच सूक्ष्म विभाजक रेखा को राजनीतिक मुद्दा बनाने की कोशिश कुछ वैसी ही है कि मिट्टी को

लंगड़े लोकतंत्र पर आरक्षण की गोलंदाजी!

लंगड़े लोकतंत्र पर आरक्षण की गोलंदाजी!

By Pinal Patidar—December 23, 2021

विश्लेषण/जयराम शुक्ल सत्यानृता च परुषा प्रियवादिनी च हिंस्रा दयालुरपि चार्थपरा वदान्या । नित्यव्यया प्रचुरनित्यधनागमा च वाराङ्गनेव नृपनीतिरनेकरुपा॥ “कहीं सत्य और कहीं मिथ्या, कहीं कटुभाषिणी और कहीं प्रियभाषिणी, कहीं हिंसा और

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