कोलकाता। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बंगाल दौरे का आज दूसरा दिन था। जिसके चलते आज पश्चिम बंगाल के बीरभूम जिले के बोलपुर में रोड शो में शामिल होने के बाद गृहमंत्री अमित शाह ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान शाह ने ममता बनर्जी पर परिवारवाद का भी आरोप लगाए। गृह मंत्री ने कहा कि, ममता को अपने भतीजे अभिषेक बनर्जी की चिंता है। वह उन्हें किसी भी हाल में मुख्यमंत्री बनाना चाहती हैं। साथ ही उन्होंने बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा के काफिले पर हुए हमले की भी निंदा की।

बता दे कि, उन्होंने कुछ हफ्तों पहले ही जेपी नड्डा पर हुए हमले को लेकर कहा था कि, ‘जिस तरह से टीएमसी कार्यकर्ताओं ने हमारे राष्ट्रीय अध्यक्ष को उनके दौरे पर हमला किया, बीजेपी इस बात की निंदा करती है। मैं खुद निजी तौर पर इस घटना की निंदा करता हूं।’ उन्होंने कहा कि, ‘बीजेपी मानती है कि लोकतंत्र में सभी को अपनी बात कहने का हक है।’ साथ ही उन्होंने बंगाल में जारी हिंसा को लेकर कहा कि, यहां राज्य हिंसा के मामले में पहले नंबर पर है। इतना ही नहीं राज्य में भ्रष्टाचार काफी भारी है।

गृह मंत्री ने कहा कि, हम शासन में होते हैं तो यही कोशिश रहती है कि सभी राजनीतिक दल अपनी बात कह सकें। लेकिन भाजपा राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा पर हुआ हमला लोकतांत्रिक व्यवस्था पर हमला है। उन्होंने कहा कि, टीएमसी को हमारे कार्यकर्ता हिंसा से नहीं बल्कि आने वाले चुनावों के नतीजों से देंगे। शाह ने कहा कि, भाजपा अध्यक्ष पर हुए हमले के बाद राज्य की मुखिया की ओर से जैसी प्रतिक्रिया आनी चाहिए थी वह नहीं आई। वही बीजेपी मे टीएमसी नेताओं के शामिल होने के लेकर उन्होंने कहा कि, जनता के नेता बीजेपी से जुड़ गए हैं।

उन्होंने आगे कहा कि, “मैं टीएमसी नेताओं को यह कहना चाहता हूं कि उन्हें इस मुगालते में नहीं रहना चाहिए कि, बीजेपी इन हमलों से रुक जाएगी। हम बंगाल में हमारा गढ़ को स्थापित करने के लिए काम करेंगे।” उन्होंने कहा कि, “बंगाल में राजनीतिक हिंसा अपने चरम पर है। 300 से ज्यादा बीजेपी कार्यकर्ताओं की हत्या कर दी गई और इन मौतों की जांच में अभी तक कोई प्रगति नहीं हुई है।” गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि, बंगाल में राजनीति का अपराधीकरण किया गया है। मां, माटी, मानुष का नारा कहीं दूर तक नहीं दिखता है। ममता दीदी की सरकार जाने वाली है।