मध्य प्रदेश की चेक पोस्ट पर चल रहा है अवैध वसूली का धंधा, नाराज गडकरी ने लिखा पत्र, कांग्रेस का कहना सिंधिया को मिलता है हिस्सा

केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को RTO चेक पोस्ट पर चल रही अवैध वसूली के लिए पत्र लिखा है.

MP: मध्यप्रदेश के चेक पोस्टों पर इन दिनों वाहन चालकों से अवैध वसूली लगातार बढ़ती जा रही है. कई वाहन मालिकों ने इस पर शिकायत की लेकिन अब तक कोई कार्रवाई नहीं हुई है. वसूली के इस धंधे को देखते हुए केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने अपना गुस्सा जाहिर किया है. उन्होंने राज्य सरकार को पत्र लिखकर इस अवैध वसूली को रोके जाने की मांग की है. इतना ही नहीं कांग्रेस का यह कहना है कि इस काली कमाई का हिस्सा केंद्रीय उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया को भेजा जाता है.

केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत को एक पत्र लिखा है. पत्र में गडकरी ने कहा कि मध्य प्रदेश के आरटीओ अधिकारी और कर्मचारी चेक पोस्ट पर एंट्री के लिए अवैध वसूली और रिश्वतखोरी कर रहे हैं. एंट्री चेकपोस्ट पर गाड़ी के सभी कागजात ठीक होने और अंडरलोड पाए जाने पर किसी भी प्रकार का एंट्री चार्ज नहीं लिया जाता है. इसके बावजूद ट्रक ड्राइवर्स और मालिकों को परेशान किया जा रहा है.

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अपने पत्र में गडकरी ने नाराजगी जताते हुए कहा कि मैंने पहले भी इस विषय में ध्यान देने की अपील की थी. लेकिन इस समस्या का अब तक कोई हल सामने नहीं आया है. उन्होंने कहा कि समस्या की वजह से मध्य प्रदेश का नाम खराब हो रहा है. अधिकारियों को निर्देश देकर इस मामले में सख्त से सख्त कार्रवाई करवानी चाहिए.

गडकरी के इस पत्र में प्रदेश में चल रही करोड़ों रुपए की अवैध वसूली की पोल खोल कर रख दी है. ट्रक मालिकों ने उनका धन्यवाद भी किया है. बता दें कि इस पूरे मामले में कांग्रेस ने केंद्रीय उड्डयन मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया को भी लपेटे में लिया है. कांग्रेस का कहना है कि इस करोड़ों रुपए की अवैध वसूली का हिस्सा सिंधिया को दिया जाता है. युवक कांग्रेस नेता विवेक त्रिपाठी ने यह कहा है कि गडकरी को सिंधिया से वसूली रोकने के लिए कहना चाहिए क्योंकि वही गोविंद सिंह राजपूत को परिवहन मंत्री बनाने पर अड़े हुए थे. ताकि, आधा पैसा महल में पहुंचाया जा सके, जो पहुंच भी रहा है और सीएम को इसकी जानकारी है.