बड़वानी। अग्रीणी कृषि तकनीकी स्टार्टअप फार्मकार्ट ने चीफ ऑपरेटिंग ऑफिसर (सीओओ) के पद पर कॉर्नेल से एमबीए और जी ई के भूतपूर्व सेल्स और प्रबंधन प्रोफेशनल स्टीफान पासटर की नियुक्ति की घोषणा की है। पासटर ने फार्मकार्ट के बड़वानी (मप्र) स्थित मुख्यालय में पदभार ग्रहण किया है।

पासटर व्यक्तिगत और पेशेवर दोनों ही जीवनों में बहुसांस्कृतिक पृष्ठभूमि से हैं। वे एक फ्रांसीसी नागरिक है, और अब तक 4 महाद्वीपों के 8 देशों में निवास कर चुके हैं। उन्होंने दुनिया के शीर्ष संस्थानों और विश्वविद्यालयों से स्नातकोत्तर डिग्रियां प्राप्त की हैं, जिनमें फ्रांस के आर्ट्स एंड मेटियर्स पेरिसटेक, कनाडा के ईटीएस और क्वीनस यूनिवर्सिटी और यूएस आइवी लीग कॉर्नेल यूनिवर्सिटी शामिल हैं।

पासटर ने जी ई, बेकर ह्यूज़ जैसी वैश्विक और बड़ी कंपनियों में कार्य किया है। अपने पिछले कार्यकाल में, उन्होंने वैमानिकी, विनिर्माण, तेल और गैस, सेल्स, सर्विस और प्रोजेक्ट मैनेजमेंट आदि क्षेत्रों में सराहनीय योगदान दिया है।

फार्मकार्ट के सीईओ अतुल पाटीदार के अनुसार, स्टीफान पासटर के अनुभव विविध हैं और उन्होंने कई छोटी और वैश्विक कंपनियों में अभूतपूर्व योगदान दिए हैं। मुझे यकीन है कि नई तकनीकों के प्रति उनका उत्साह और व्यवसाय संचालन को लेकर दूरदर्शित, हमारे विकास और विस्तार को गति प्रदान करेगा। उनका लीडरशिप टीम में होना, हमारे लिए बहुत ही उत्साह का विषय है।

फार्मकार्ट कुछ ही महीनों में पूरे देश में विस्तार की योजना बना रहा है। कंपनी सीरीज ए फन्डिंग की ओर भी अग्रसर हैं। फार्मकार्ट में, पासटर ग्लोबल ऑपरेशनस्, कंपनी की मध्यम और दीर्घकालिक रणनीति के अनुरूप परिचालन और प्रक्रिया अनुकूलन के कार्यों की देखरेख करेंगे।

नवनियुक्त सीओओ स्टीफान पासटर के अनुसार, यह मेरे लिए लाखों भारतीय किसानों के जीवन में सकारात्मक बदलाव लाने का एक दुर्लभ अवसर है। मेरा ऐसा मानना है कि भारत में कृषि क्षेत्र में मौजूदा क्षमताओं का अब भी पूरी तरह दोहन नहीं हुआ है। फार्मकार्ट इस क्षेत्र में डिजिटल क्रांति लाने में एक अहम भूमिका निभा रहा है।” साथ ही, आज सभी फार्मकार्ट के उत्कृष्ट ब्रांड और प्रगतिशील स्टार्टअप संस्कृति की सराहना कर रहे हैं। यहाँ नवाचार और ग्राहकों को सर्वोच्च स्थान दिया जाता है, जो मेरे मूल्यों से बिल्कुल मेल खाता है।

2020 में, प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मन की बात की ७०वीं कड़ी में फार्मकार्ट के कार्यों और उसके द्वारा लॉकडाउन में किसानों के हित में किये गए प्रयासों की सराहना की थी। पासटर भारत में ग्रामीण रोज़गार और कृषि तकनीकी क्षेत्र के भविष्य को लेकर भी काफी उत्साहित हैं। उनके अनुसार, “आज सभी की नजर ग्रामीण क्षेत्रों पर है। महामारी के बाद, भारत में कृषि तकनीकी क्षेत्र में बेहतरीन गतिविधि है। साथ ही, कई शोध इस ओर इशारा करते हैं कि भारत जल्द ही उभरते बाजारों में सबसे आगे होगा।

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अर्न्स्ट एण्ड यंग के 2020 में किए गए अध्ययन के अनुसार, 2025 तक भारतीय कृषि तकनीकी बाजार का कुल मूल्य $24 बिलियन होता। बैन एंड कंपनी द्वारा किए गए एक अन्य शोध में इस अंकड़ें को $35 बिलियन माना गया है। पासटर का फार्मकार्ट लीडरशिप टीम और भारत में होना कई कारणों से महत्त्वपूर्ण है। अपने ज्ञान और अनुभव से वे न सिर्फ फार्मकार्ट बल्कि भारतीय कृषि तकनीकी क्षेत्र में महत्त्वपूर्ण योगदान करने में सक्षम हैं।