आबिद कामदार

इंदौर प्रवासी भारतीय सम्मेलन में देश की धार्मिक मान्यताओं और उनसे जुड़े तथ्यों को लेकर मनमोहक प्रदर्शनी लगाई गई है जिसमें सोमनाथ ट्रस्ट द्वारा संकल्प से सिद्धि तक शीर्षक से लगाई गई, प्रदर्शनी में महारानी अहिल्याबाई होलकर द्वारा निर्मित सोमनाथ मंदिर के जीर्णोद्वार के लिए भेजी गई 10 हजार की हुंडी और उनके द्वारा सोमनाथ मंदिर के आगे निर्मित अहिलेश्वर मंदिर की भी जानकारी दी गई।

पीओपी के माध्यम से दिखाए नष्ट किए गए अंश

संस्था द्वारा पीओपी से बने अंश के माध्यम से विद्रोहियों द्वारा सोमनाथ मंदिर के नष्ट किए गए अंशो को प्रदर्शित किया है । जिसमें मंदिर के अंश कीर्ति मुख,सप्तमत्रिका, सोशल और आर्थिक लाइफ को दिखाता स्कल्पचर, मंदिर का जंघा हिस्सा, सबसे नीचा वाला गजथर, शिवा के दो सकल्पचर,आमलका आदि को दिखाया गया है।

प्रथम ज्योर्तिलिंग और महतीर्थ क्षेत्र की जानकारी

सोमनाथ को प्रथम ज्योर्तिलिंग और महातीर्थ क्षेत्र क्यू माना जाता है इसकी जानकारी दी गई है। जिसमें भगवान कृष्णा के शरीर त्याग करने वाले स्थान सोमनाथ भालकातीर्थ की जानकारी दी गई है

मंदिर के तोड़ने और बनने की जानकारी दी गई

सोमनाथ मंदिर के चौदह बार तोड़े जाने और उसके निर्माण की जानकारी दी गई है, जिसमें किस आक्रमणकारी द्वारा किस सन् में तोड़ा गया और किस राजा द्वारा निर्माण किया गया इसकी जानकारी दी गई है

संस्था द्वारा शिव जी की प्रिय वस्तुओं से बनाया आर्ट

शिव जी की प्रिय वस्तुओ के समावेश से एक आर्ट वर्क बनाया गया है, जिसमें मुख्य रूप से अहिल्या बाई के नारी सशक्तिकरण को दिखाया गया है। जिसमें मुख्य रूप से गाय के गोबर, चंदन, भभूत, और रुद्राक्ष को शामिल किया गया है।वहीं संस्था द्वारा सोमनाथ महादेव के लाइव दर्शन दिखाया जा रहा है।

आचार्य शंकर सांस्कृतिक एकता न्यास द्वारा लगाई गई प्रदर्शनी

मध्य प्रदेश सरकार के ट्रस्ट आचार्य शंकर सांस्कृतिक एकता न्यास द्वारा एक प्रदर्शनी लगाई गई है जिसमें मुख्य रूप से ओंकारेश्वर में एकात्म धाम नाम से प्रायः 2 हजार करोड़ रुपयों की लागत से आचार्य शंकर की 108 फिट की मूर्ति सग्रहालय, वेदांत शोध संस्थान एवम गुरुकुल बनाया जा रहे गुरुकुल की जानकारी के लिए प्रदर्शनी लगाई गई है।