देश का सबसे लंबा रिवर क्रूज गंगा विलास क्रूज जिसके अंदर ‘फाइव स्टार होटल’ जैसी फैसिलिटीज हैं. आजकल चर्चा का विषय बना हुआ है. इस दौरान आपको ये जानकर अधिक खुशी होगी की मध्यप्रदेश की राजधानी भोपाल में इससे भी बड़ा क्रूज बन रहा है, जिसकी क्षमता गंगा विलास से 5 गुना ज्यादा होगी. पूरी संभावना है अगले 4 माह में लोग इसका भरपूर आनंद ले पाएंगे।

बड़े तालाब में उतारा जाएगा क्रूज

देश के सबसे बड़े क्रूज का कंस्ट्रक्शन भोपाल के खानूगांव में हो रहा है. इसे कंस्ट्रक्शन के बाद भोपाल की सान बड़े तालाब में उतारा जाएगा. मीडिया सूत्रों
के मुताबिक क्रूज में 200 लोग बैठ सकेंगे. इसकी 36.6 मीटर, चौड़ाई 12 मीटर और ऊंचाई 10 मीटर होगी और ये 8 मीटर तक पानी में डूबा रहेगा. इस क्रूज का वजन 155 टन के करीब होगा.

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गंगा विलास से 5 गुना कैपेसिटी

सबसे विशेष बात की इसमें 20 सुइट होंगे और 150 से 200 लोग यहां एक साथ रुक सकेंगे. वहीं हाल ही में लॉन्च गंगा विलास की बात करें तो इसमें 36 टूरिस्ट को सफर कराने की कैपेसिटी है. हालांकि, गंगा विलास, भोपाल के क्रूज से कई मायने में आगे है. क्योंकि ये 36 पैसेंजर के साथ लक्जरी सहूलियत से लैस होकर 51 दिनों में 3200 किलोमीटर का सफर तय करेगा.

राजधानी के लिए बनेगा आकर्षण का केंद्र

भोपाल के बड़े तालाब में उतरने के बाद यह क्रूज राजधानी के लिए आकर्षण का केंद्र बन सकता है. मीडिया सूत्रों के अनुसार निर्माणाधीन क्रूज के फर्स्‍ट फ्लोर पर बैंक्‍वेट हॉल, डांस स्‍पेस और 8 सुइट होंगे और सेकेंड फ्लोर पर 12 सुइट होंगे. इसे इस तरह से बनाया जा रहा है कि इसके अलग-अलग फ्लोर पर भीड़ एकत्रित न हो पाएं।

क्या है गंगा विलास क्रूज

नए साल में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश को सबसे बड़े रिवर क्रूज गंगा विलास की सौगात दी. ये काशी से डिब्रूगढ़ के लिए यात्रा तय करेगा. 3200 किलोमीटर के इसके सफर को पूरा करने में 51 दिन का वक़्त लगेगा. इस बीच ये यूपी के अतिरिक्त बिहार, झारखंड और पश्चिम बंगाल होते हुए बांग्लादेश होते हुए असम के डिब्रूगढ़ पहुंचेगा. इसके पहले सफर में 32 पैसेंजर निकले हैं. जिन्हें पीएम मोदी ने हरी झंडी दिखाकर रवाना किया है.