Indore : इन 6 स्तंभों के आधार पर होगी स्वच्छता में छक्का लगाने की तैयारी

Indore : इंदौर ने कुछ दिन पहले ही स्वच्छता में पंच लगाया है। अब इंदौर स्वच्छ सर्वेक्षण में छठी बार भी अव्वल आने के लिए अभी से जुट गया है।

Indore : इंदौर ने कुछ दिन पहले ही स्वच्छता में पंच लगाया है। अब इंदौर स्वच्छ सर्वेक्षण में छठी बार भी अव्वल आने के लिए अभी से जुट गया है। बताया जा रहा है कि अभी निगम ने भविष्य की तैयारियों को लेकर दृष्टिपत्र जारी किया है। जिसमें इंदौर में वायु गुणवत्ता, नदियों का पुनरुत्थान, स्वदेशी समाधान और बेहतर सफाई को लेकर जोर दिया जा रहा है। वहीं आने वाले स्वच्छ सर्वेक्षण के लिए अभी से शहर में छह आधारभूत स्तंभों को ध्यान में रखते हुए काम करने की योजना बनाई जा रही है।

ये है स्वच्छता के 6 स्तंभ –

सतत ठोस अपशिष्ट प्रबंधन।
स्वच्छता और नदियों का पुनरुत्थान।
चक्रीय अर्थशास्त्र।
स्वच्छ वायु और जन स्वास्थ्य।
संपूर्ण डिजिटल निगरानी।
समुदाय के लोगों सफाई के प्रति व्यावहारिक बदलाव।

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इन प्रयासों से जनता को जोड़ेंगे –

शहर के नागरिकों के जुड़ाव के लिए गतिविधियों का होगा आयोजन।
सफाई संबंधी कार्यों के निर्णय लेने की प्रक्रिया में महिला, दिव्यांगों व ट्रांसजेंडर को मिलेगा अवसर।
वार्ड की रैंकिंग में जनप्रतिनिधियों की होगी भूमिका।

स्वच्छता का पाठ पढ़ाने की तैयारी –

निगम के कर्मचारियों के लिए ई-लर्निंग पाठ्यक्रम। उन्हें सफाई संबंधी बुनियादी बातें बताई जाएंगी।
इंदौर के सफाई का माडल दूसरे शहर भी सीखें, इसके लिए सेंटर फॉर एक्सीलेंस की स्थापना होगी।

इस तरह होगी कचरे की छंटाई –

घरों से 6 तरह का कचरा अलग-अलग लिया जाएगा।
ट्रेंचिंग ग्राउंड पर मटेरियल रिकवरी सुविधा केंद्र पर 14 श्रेणी में कचरा अलग-अलग करेंगे।
कोविड संक्रमित कचरे को घरों से कचरे को अलग किया जाए।

ऐसी हो सार्वजनिक क्षेत्रों में सफाई –

व्यावसायिक व सार्वजनिक क्षेत्रों में सुबह व शाम को दो बार झाडू लगाई जाए।
आवासीय क्षेत्रों में दिन में एक बार झाडू लगे।
बैकलेन की सफाई सुनश्चित हो।

वायु को साफ करने के ये प्रयास –

0-50 के बीच वायु गुणवत्ता सूचकांक।
2022 तक पूरा किया जाएगा लोगों के स्वास्थ्य व वायु प्रदूषण के प्रभावों पर अध्ययन।
कार्बन उत्सर्जन में कमी करने का प्रयास और उसकी रणनीति बनाई जाएगी, वार्डों में ग्रीन बफर जोन बनाकर उद्यानों का विकास किया जाएगा।
200 एकड़ क्षेत्र में हरियाली लाने के लिए शहर में बनाए जाएंगे वन व जैव विविधता पार्क।
50 प्रतिशत से अधिक वाणिज्य क्षेत्र ऐसे बनाए जाएंगे जहां लोग पैदल लोग चलें। इन क्षेत्र में मात्र विद्युत चलित वाहनों को ही दिया जाएगा प्रवेश।
100 फीसद जियो टैगिग वाले हाकर वेंडिंग जोन बनाएंगे।
शहर की सभी दीवारों को पोस्टर बैनर से मुक्त रखा जाएगा।
100 फीसद फुटपाथ, बस स्टाप व ग्रीन बेल्ट पर नहीं हो कोई अतिक्रमण।
100 फीसद आटो रिक्शा व ई-रिक्शा स्टैंड होंगे जियो टेगिंग वाले।

समुदाय को इसे तैयार करेंगे

पांच आर श्रेणी को पूरा करने वाले वार्ड को दिया जाएगा स्वच्छता संपन्ना वार्ड का प्रमाणपत्र।
ग्रीन स्लम एरिया तैयार होंगे।
शहर में होंगे 7 जीरो वेस्ट वार्ड।
शून्य अपशिष्ट कार्यक्रम।