आज लाडली बहनों को मिलेगी बड़ी खुशखबरी, खातों में पहुंचेगी 34वीं किस्त, सीएम देंगे 122 करोड़ के विकास कार्यों की सौगात

Author Picture
By Raj RathorePublished On: March 13, 2026

मध्य प्रदेश की 1.29 करोड़ ‘लाड़ली बहनों’ के लिए आज का दिन खास है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव मंगलवार, 10 सितंबर को ‘लाड़ली बहना योजना’ के तहत 34वीं किस्त की राशि जारी करेंगे। इस बार कुल 1576 करोड़ रुपये की धनराशि सिंगल क्लिक के माध्यम से सीधे लाभार्थी महिलाओं के बैंक खातों में भेजी जाएगी।

यह कार्यक्रम पूरी तरह से ऑनलाइन आयोजित किया जाएगा, जिसमें मुख्यमंत्री सचिवालय से ही राशि का हस्तांतरण करेंगे। हर महीने की 10 तारीख को यह राशि जारी की जाती है, और इसी परंपरा को आगे बढ़ाते हुए सितंबर माह की किस्त आज ट्रांसफर हो रही है। इस योजना के तहत प्रत्येक पात्र महिला को 1250 रुपये प्रति माह दिए जाते हैं।

सितंबर माह में 1576 करोड़ का भुगतान

महिला एवं बाल विकास विभाग के अनुसार, सितंबर 2024 के लिए 1,29,09,947 पात्र हितग्राहियों को यह राशि मिलेगी। प्रत्येक लाभार्थी के खाते में 1250 रुपये के हिसाब से कुल 1576 करोड़ 61 लाख 83 हजार 750 रुपये का भुगतान किया जाना है। यह राशि सीधे महिलाओं के आधार-लिंक्ड डीबीटी खातों में जमा होगी, जिससे पारदर्शिता सुनिश्चित होती है।

क्या है लाड़ली बहना योजना?

मध्य प्रदेश में महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त बनाने, उनके स्वास्थ्य और पोषण स्तर में सुधार लाने तथा परिवार में उनकी निर्णायक भूमिका को मजबूत करने के उद्देश्य से इस योजना की शुरुआत की गई थी। पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 5 मार्च 2023 को इसे लॉन्च किया था।

शुरुआत में इस योजना के तहत 1000 रुपये प्रति माह दिए जाते थे, जिसे बाद में बढ़ाकर 1250 रुपये कर दिया गया। सरकार का लक्ष्य इस राशि को धीरे-धीरे बढ़ाकर 3000 रुपये प्रति माह तक ले जाना है। यह योजना राज्य की सबसे लोकप्रिय कल्याणकारी योजनाओं में से एक मानी जाती है।

योजना की पात्रता

इस योजना का लाभ उठाने के लिए कुछ शर्तें निर्धारित हैं। आवेदक महिला को मध्य प्रदेश का स्थायी निवासी होना चाहिए। वह विवाहित, विधवा, तलाकशुदा या परित्यक्ता हो सकती है। आवेदन के समय महिला की आयु 21 से 60 वर्ष के बीच होनी चाहिए। साथ ही, परिवार की वार्षिक आय 2.5 लाख रुपये से कम होनी चाहिए और परिवार के पास 5 एकड़ से अधिक कृषि भूमि नहीं होनी चाहिए।