इंदौर के डॉ. आंबेडकर नगर (महू) क्षेत्र में लगातार हो रही बारिश के बीच एक बड़ी लापरवाही सामने आई। अंबाचंदन गांव में उफनती नदी के जलमग्न रपटे को पार करने की कोशिश में एक कार तेज बहाव में बह गई। गनीमत रही कि मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने तत्परता दिखाते हुए चालक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया।
बुधवार को हुई तेज बारिश के बाद क्षेत्र के नदी-नाले उफान पर थे और रपटे के ऊपर तेज रफ्तार से पानी बह रहा था। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक, जब चालक कार लेकर रपटे पर पहुंचा तो वहां मौजूद लोगों ने उसे आगे बढ़ने से मना किया। सभी ने चेताया कि पानी का बहाव बेहद तेज है और वाहन बह सकता है, लेकिन चालक ने किसी की बात नहीं सुनी।
जैसे ही कार रपटे के बीच पहुंची, तेज बहाव के कारण उसका संतुलन बिगड़ गया और देखते ही देखते कार नदी में बहने लगी। यह दृश्य देखकर मौके पर अफरा-तफरी मच गई और लोगों ने शोर मचाकर मदद के लिए दौड़ लगाई।
ग्रामीणों की सूझबूझ से बची जान
कार को बहते देख ग्रामीण बिना समय गंवाए नदी में उतरे और कड़ी मशक्कत के बाद चालक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया। इसके बाद ट्रैक्टर और रस्सियों की मदद से कई घंटों की मशक्कत के बाद कार को भी नदी से बाहर निकाला गया। यदि समय रहते ग्रामीण मदद के लिए नहीं पहुंचते तो यह हादसा जानलेवा साबित हो सकता था।
हर साल दोहराई जा रही है ऐसी लापरवाही
मानसून के दौरान नदी-नालों में जलस्तर बढ़ने के बावजूद लोग जोखिम उठाकर जलमग्न रपटों और पुलियाओं को पार करने की कोशिश करते हैं। प्रशासन की लगातार चेतावनियों के बावजूद इस तरह की लापरवाही हर साल हादसों की वजह बनती है।
पिछले वर्ष भी कालाकुंड-रतबी क्षेत्र में तेज बहाव के बीच पुलिया पार करने की कोशिश में एक वाहन बह गया था। इसके बावजूद लोग सबक लेने को तैयार नहीं हैं।










