अमेरिका

कोरोना के बीच दंगों की आग में झुलस रहा अमेरिका, 25 शहरों में प्रदर्शनकारी बेकाबू

नई दिल्ली: एक ओर अमेरिका कोरोना महामारी से जूझ रहा है, वहीं दूसरी ओर वहां बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हो रहा है। अमेरिका के करीब 25 शहरों में भीषण प्रदर्शन, हंगामा और हिंसा हो रही है। दरअसल, सोमवार को पुलिस कस्टडी में एक अश्वेत नागरिक जॉर्ज फ्लॉयड की मौत हो गई थी। उस व्यक्ति को न्याय दिलाने के लिए ये प्रदर्शन किए जा रहे है।

प्रदर्शन की चलते अब अमेरिका में गोरे की ओर से अश्वेत लोगों पर किए जा रहे अत्याचार का मुद्दा फिर से बहस के केंद्र में आ गया। कई जगह ये प्रदर्शन दंगे में बदल गया है। लोगों ने पुलिस की गाड़ियों, इमारतों में आग लगा दी और दुकानों से सामान लूट लिए. नैशविले में कोर्ट की ऐतिहासिक बिल्डिंग को आग के हवाले कर दिया गया।

रदर्शन में शामिल शहरों में न्यूयॉर्क, लॉस एंजिलिस, कैलिफोर्निया और वॉशिंगटन प्रमुख हैं। मिन्नेसोटा और जॉर्जिया राज्य में इमरजेंसी का ऐलान करना पड़ा। ख़बरों के मुताबिक़ 25 शहरों में दंगे की वजह से कर्फ्यू लगाना पड़ा। कर्फ्यू के बावजूद प्रदर्शन खत्म नहीं हुए। इस प्रदर्शन में दो लोगों की मौत हुई है।

दरअसल, अश्वेत नागरिक जॉर्ज फ्लॉयड की मौत से ठीक पहले का एक वीडियो सामने आया था। वीडियो में दिख रहा था कि जॉर्ज जमीन पर गिरे हुए हैं और एक गोरा पुलिसकर्मी उनकी गर्दन को घुटना से दबाए हुए है। इस दौरान जॉर्ज कहते हैं कि उन्हें सांस लेने में दिक्कत हो रही है।

ऐसे में प्रदर्शनकारियों ने मांग की है कि जॉर्ज फ्लॉयड को गिरफ्तार करने वाले पुलिस कर्मियों पर हत्या का मुकदमा चले। विभिन्न शहरों में स्थानीय पुलिस प्रदर्शन को जब काबू नहीं कर सकी तो व्हाइट हाउस की ओर से नेशनल गार्ड को भेजना पड़ा।