बिहार के सारण जिले में जहरीली शराब से हो रही मौत का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है। जिले के तीन प्रखंडों में जहरीली शराब से अब तक 53 लोगों की मौत हो चुकी है। इस संख्या के और बढ़ने की आशंका जताई जा रही है। दरअसल आसपास के कई अस्पतालों में लोग जहरीली शराब की वजह से भर्ती हैं, और प्रशासन के पास इनका आंकड़ा नहीं है। वैसे, प्रशासन ने घटना को गंभीरता से लिया है और इलाके में छापेमारी शुरू कर दी गई है।

छपरा के बहरौली गांव का भी ऐसा ही हाल है, यहां एक साथ 11 लोगों की मौत जहरीली शराब पीने से हो गई। उधर, पुलिस इस मामले में पूरे सारण जिले में छापेमारी कर रही है। अब तक शराब के कारोबार से जुड़े 126 लोगों को गिरफ्तार किया है। चार हजार लीटर से अधिक अवैध शराब भी जब्त की गई है। इस मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया है।

Also Read – Small Business : नौकरी के अलावा भी कमाना चाहते है तो शुरू करें ये बिजनेस, होगी 1 लाख रुपए की कमाई, सरकार करेगी 4 लाख की मदद

जहरीली शराब पीने से मरने वाले लोगों में इसुआपुर और मशरक थाने के कई गांव के लोग हैं। आज तक की टीम बिहार के बहरौली गांव पहंची। जहरीली शराब से मरने वाले लोगों में सबसे ज्यादा इसी गांव के लोग हैं। अब तक यहां 11 लोगों की मौत जहरीली शराब से हो गई है। गांव में हर तरफ सिर्फ चीख पुकार मची है। कई घरों में मातम छाया है। किसी ने अपना बेटा खोया, तो कई बच्चों के सिर से पिता का साया उठ गया।

इस मामले की जांच के लिए एसआईटी का गठन कर दिया गया है। इसमें 31 पुलिसकर्मी हैं. इतना ही नहीं मामले में मशरक पुलिस स्टेशन के SHO और एक स्थानीय चौकीदार को सस्पेंड कर दिया गया है। इसके अलावा मरहौरा के सब डिवीजनल पुलिस अफसर के ट्रांसफर की सिफारिश की गई है। उनके खिलाफ विभागीय जांच की मांग की गई हैडीएम और एसपी ने स्थानीय लोगों से अपील की है कि जिन्हें इस बारे में जो कुछ भी जानकारी है, वे लोग बिना डर के आगे आएं और पुलिस को जानकारी दें।

Also Read – पठान मूवी के सॉन्ग पर जमकर हो रहा हंगामा, अब VHP-RSS ने भी जताई आपत्ति