एमपी में तैयार होगा 350 किमी लंबा ग्रीनफील्ड फोरलेन, 9500 करोड़ की परियोजनाओं को मिलेगी गति

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By Raj RathorePublished On: August 30, 2025

मध्यप्रदेश को जल्द ही एक नई और आधुनिक सड़क परियोजना का तोहफा मिलने जा रहा है। राजधानी भोपाल से मंदसौर तक करीब 350 किलोमीटर लंबा ग्रीनफील्ड फोरलेन बनाया जाएगा। यह फोरलेन उज्जैन से होकर गुजरेगा, जिससे न केवल प्रस्तावित भोपाल मेट्रोपॉलिटन क्षेत्र के विकास को गति मिलेगी बल्कि उज्जैन और इंदौर के बीच आवागमन और भी आसान और तेज हो जाएगा। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने दिल्ली में एनएचएआई (NHAI) के चेयरमैन संतोष यादव से मुलाकात के दौरान इस महत्वपूर्ण परियोजना का प्रस्ताव रखा।


बैठक में बनी सहमति और आगे की कार्ययोजना

बैठक में यह भी तय किया गया कि प्रदेश में पहले से चल रही और प्रस्तावित सड़क परियोजनाओं की राह में आ रही अड़चनों को केंद्र और राज्य सरकार मिलकर दूर करेंगे। इसके लिए संयुक्त स्तर पर समन्वय स्थापित किया जाएगा। एनएचएआई और एमपीआरडीसी (MPRDC) के वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में इस बात पर जोर दिया गया कि लंबित परियोजनाओं की टेंडर प्रक्रिया तेज की जाए और नए ग्रीनफील्ड प्रोजेक्ट की डीपीआर (Detailed Project Report) जल्द तैयार की जाए।

ये प्रमुख सड़क परियोजनाएँ होंगी आगे बढ़ाई जाएंगी

बैठक के दौरान कई बड़ी परियोजनाओं पर सहमति बनी जिनसे प्रदेश के सड़क नेटवर्क को मजबूती मिलेगी।
• उज्जैन-झालावाड़ मार्ग का चौड़ीकरण (4-लेन): 124 किलोमीटर लंबे इस मार्ग के लिए करीब 2232 करोड़ रुपये का बजट तय किया गया है।
• इंदौर ईस्टर्न रिंग रोड (6-लेन): 77 किलोमीटर लंबे इस रिंग रोड पर 2910 करोड़ रुपये की लागत आएगी।
• बदनावर-टिमरवानी खंड का चौड़ीकरण (4-लेन): 81 किलोमीटर लंबे इस मार्ग पर 1875 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
• सतना-कियाकूट खंड का 4-लेन निर्माण: यह मार्ग 77 किलोमीटर लंबा होगा और इस पर 2481 करोड़ रुपये की लागत आएगी।

अन्य प्रस्तावित सड़क परियोजनाएँ

मुख्यमंत्री मोहन यादव और एनएचएआई की बैठक में कुछ अन्य अहम प्रस्तावित प्रोजेक्ट्स पर भी चर्चा हुई। इनमें शामिल हैं –
• भोपाल-इंदौर ग्रीनफील्ड एक्सप्रेसवे: 160 किलोमीटर लंबी यह सड़क 9500 करोड़ रुपये की लागत से बनेगी।
• लखनादौन-रायपुर एक्सप्रेसवे: 300 किलोमीटर लंबी यह परियोजना 5780 करोड़ रुपये में पूरी होगी।
• इंदौर बायपास पर सर्विस रोड चौड़ीकरण: लगभग 32 किलोमीटर का कार्य।
• मिसरोद-औबेदुल्लागंज मार्ग: 19.3 किलोमीटर लंबा यह मार्ग 301.36 करोड़ रुपये से विकसित किया जाएगा।
• ग्वालियर-भिंड-इटावा मार्ग: 108 किलोमीटर लंबी इस सड़क को मार्च 2028 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है।
• ग्वालियर-भिंड मार्ग: 96.6 किलोमीटर लंबी इस परियोजना पर 1548 करोड़ रुपये खर्च होंगे।
• सीधी-सिंगरौली 4-लेन सड़क: 105 किलोमीटर लंबी इस सड़क पर लगभग 331 करोड़ रुपये की लागत आएगी।

प्रदेश की विकास यात्रा को नई रफ्तार

इन सभी परियोजनाओं के पूरा हो जाने के बाद प्रदेश का सड़क नेटवर्क और मजबूत होगा। भोपाल, इंदौर, उज्जैन, मंदसौर जैसे बड़े शहरों के बीच न केवल कनेक्टिविटी आसान होगी बल्कि व्यापार, पर्यटन और औद्योगिक विकास को भी रफ्तार मिलेगी। सीएम मोहन यादव का मानना है कि इन सड़क परियोजनाओं से न केवल प्रदेश का परिवहन तंत्र मजबूत होगा बल्कि आर्थिक विकास को भी नई दिशा मिलेगी।