PUBG Game का खतरनाक सच, जानिए कैसे बढ़ा रहा हिंसा

0
238

बच्चों और युवाओं में आॅनलाइन गेम खेलने का शौक सिर चढ़ कर बोल रहा है, लेकिन ये गेम अब उनके लिए घातक साबित होने लगे हैं। आॅनलाइन गेम में डूबे रहने वाले बच्चे अब सीधे अस्पताल पहुंच रहे हैं। इसमें अकेले पबजी गेम से पीड़ित चार से पांच बच्चे अस्पताल की चैखट पर पहुंच रहे हैं। पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में पबजी गेम का जिक्र करते हुए इससे दूर रहने की अपील की थी। आॅनलाइन गेम की लत से नौकरी पेशा वाले लोग भी परेशान है और अब वह काउंसिलिंग के लिए डाॅक्टरों के पास पहुंच रहे हैं। काउंसिलिंग के दौरान बच्चों और युवाओं ने सबसे ज्यादा पबजी बैटल गेम को ही पसंद किया है।

डॉक्टरों का मानना है कि ब्लू व्हेल के बाद पबजी दूसरा सबसे ज्यादा लत लगाने वाले गेम के रूप में सामने आया है, जो तनाव का कारण बनते जा रहे हैं। इतना ही नहीं, इस कारण बच्चे और युवा हिंसक भी होने लगे हैं। मनारोग विशेषज्ञों की माने तो आॅनलाइन गेम खेलने से अकेलापन और तनाव बढ़ता जा रहा है। बाद में ये हिंसक रूप ले लेता है। एम्स सहित दुनियाभर के डॉक्टरों का हवाला देते हुए मुंबई हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका पर आईटी मंत्रालय, मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया, महाराष्ट्र सरकार, माइक्रोसॉफ्ट कंपनी और पबजी गेम के यूएस निवासी सीईओ को नोटिस भेजा है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here