MP में भूकंप के झटकों से कांपी धरती, घरों से बाहर निकले लोग, मचा हड़कप

Author Picture
By Raj RathorePublished On: April 8, 2026
Barwani Earthquake

Barwani Earthquake : मध्य प्रदेश के बड़वानी जिले में बुधवार दोपहर अचानक भूकंप के झटकों से लोग घबरा गए। समय करीब 12:48 बजे का था, जब अधिकतर लोग अपने रोजमर्रा के काम या लंच की तैयारी में व्यस्त थे। इसी बीच जमीन में हल्की कंपन महसूस होते ही लोगों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।

हालांकि झटके ज्यादा तेज नहीं थे, लेकिन अचानक आए कंपन ने लोगों को डरा दिया और कई लोग एहतियात के तौर पर घरों से बाहर निकल आए। कुछ समय तक इलाके में हलचल का माहौल बना रहा।

3.6 तीव्रता का भूकंप

राष्ट्रीय भूकंप विज्ञान केंद्र के मुताबिक, इस भूकंप की तीव्रता रिक्टर स्केल पर 3.6 दर्ज की गई। भूकंप का केंद्र बड़वानी में ही जमीन से लगभग 10 किलोमीटर की गहराई में स्थित था। राहत की बात यह रही कि इस घटना में किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान की खबर सामने नहीं आई है।

स्थानीय लोगों ने बताया कि उन्होंने जमीन में हल्का कंपन महसूस किया, जो कुछ सेकंड तक रहा। हालांकि झटके कम समय के लिए थे, लेकिन अचानक महसूस हुए कंपन से लोग सहम गए।

क्यों आते हैं भूकंप?

विशेषज्ञों के अनुसार, पृथ्वी के अंदर कई टेक्टोनिक प्लेट्स मौजूद हैं, जो लगातार गतिशील रहती हैं। जब ये प्लेट्स आपस में टकराती हैं, खिसकती हैं या एक-दूसरे के नीचे सरकती हैं, तो ऊर्जा रिलीज होती है और भूकंप आता है।

इन प्लेट्स की गति हर साल कुछ मिलीमीटर ही होती है, लेकिन इनके बीच बनने वाला दबाव धीरे-धीरे बढ़ता रहता है। जब यह दबाव एक सीमा से ज्यादा हो जाता है, तो वह अचानक रिलीज होता है और धरती कांप उठती है।

रिक्टर स्केल क्या बताता है?

भूकंप की तीव्रता मापने के लिए रिक्टर स्केल का उपयोग किया जाता है। इस स्केल पर 1 से 9 या उससे अधिक तक भूकंप की ताकत को मापा जाता है। कम तीव्रता वाले भूकंप आमतौर पर नुकसान नहीं पहुंचाते, जबकि ज्यादा तीव्रता वाले भूकंप भारी तबाही ला सकते हैं।

3 से 4 के बीच के भूकंप को सामान्यतः हल्का माना जाता है, जिसमें कंपन महसूस तो होता है लेकिन नुकसान की संभावना बहुत कम रहती है। वहीं 5 या उससे ऊपर के भूकंप खतरनाक हो सकते हैं।

कितनी तीव्रता पर कितना असर?

रिक्टर स्केल पर 2 से 3 तक के भूकंप हल्के कंपन के रूप में महसूस होते हैं, जबकि 4 से ऊपर जाने पर खिड़कियां टूटने और चीजें गिरने जैसी घटनाएं हो सकती हैं। 6 से अधिक तीव्रता वाले भूकंप इमारतों को नुकसान पहुंचा सकते हैं और 7 या उससे ऊपर के भूकंप बड़े स्तर पर तबाही मचा सकते हैं।

8 या उससे अधिक तीव्रता के भूकंप बेहद खतरनाक माने जाते हैं, जिनमें बड़े पुल और इमारतें तक गिर सकती हैं, वहीं 9 या उससे ज्यादा तीव्रता पर स्थिति बेहद विनाशकारी हो जाती है।