स्मार्टफोन लोगो के जीवन का एक ऐसा महत्वपूर्ण हिस्सा बन गया है फोन हाथ में न हो तो बच्चे खाना खाना छोड़ देते है, बच्चे क्या बड़ो का भी यही हाल बना हुआ है स्मार्टफोन पर चैटिंग, कॉल्स और इंटरनेट ब्राउजिंग युज करना आम बात हैं।  अगर इंटरनेट न चल रहा हो तो भी फोन में कुछ न कुछ करते रहना भी आसान सा हो गया है। रात को सोते समय फोन को चेक करके सोना और सुबह जगते ही फोन में आई नोटिफिकेशन्स को चेक करना आम हो गया है। कई लोग तो ऐसे भी होते हैं जो अपना फोन टॉयलेट में भी लेकर जाते हैं। अगर आप भी इन्हीं यूजर्स में से एक हैं तो यह खबर आपके लिए हैं।

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स्मार्टफोन पर होते हैं टॉयलेट सीट से ज्यादा बैक्टीरिया

एक सर्वे की रिपोर्ट के मुताबिक, स्मार्टफोन पर टॉयलेट सीट से ज्यादा बैक्टीरिया पाए जाते हैं। जहां टॉयलेट सीट में बैक्टीरिया की 3 प्रजातियां पाई जाती हैं। वहीं, मोबाइल पर इनकी प्रजाति की संख्या 10 से 12 होती है। मोबाइल की स्क्रीन पर ई-कोलाइ और फीकल जैसे खतरनाक बैक्टीरिया पाए जाते हैं। रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि अमेरिका में लोग एक दिन में न्यूनतम 47 बार फोन चेक करते हैं। इससे उनके हाथों के किटाणु मोबाइल पर चले जाते हैं।

मोबाइल फोन्स पर होते हैं 12 तरह के बैक्टीरिया

यूनिवर्सिटी ऑफ सदर्न कैलिफोर्निया के प्रोफेसर डॉक्टर विलियम डीपाउलो ने इससे संबंधित एक स्टडी की है। इसमें उनकी टीम ने एक कंपनी के कर्मचारियों के मोबाइल फोन्स की स्क्रीन पर मौजूद बैक्टीरिया के सैंपल कलेक्ट किए। इसमें पाया गया कि औसत तौर पर मोबाइल पर 10 से 12 प्रकार के बैक्टीरिया होते हैं। जबकि टॉयलेट सीट पर बैक्टीरिया की 3 प्रजातियां पाई जाती हैं। ऐसे ध्यान रहे कि आप खाना खाते समय कभी भी फोन का इस्तेमाल न करें।

कैसे करे बैक्टीरिया से बचाव

इन बेक्टिरिया से बचने के लिए आपको अपने फ़ोन को फोल क्लीनिंग किट से साफ करते रहना चाहिए। साथ ही इसके लिए स्मार्टफोन सैनेटाइजेशन का भी यूज़ कर सकते है, इसके अलावा मार्केट में कई UV लाइट वाले प्रोडक्ट्स उपलब्ध होते है।ये बैक्टीरिया को खत्म करने में सहायक होते है।