अयोध्या के राम मंदिर परिसर में बुधवार को एक अहम धार्मिक आयोजन होने जा रहा है। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ परकोटा स्थित शिव मंदिर पर ध्वजारोहण करेंगे। कार्यक्रम को लेकर सभी तैयारियां पूरी कर ली गई हैं और बड़ी संख्या में विशिष्ट अतिथियों के शामिल होने की संभावना है।
इस आयोजन में संत-धर्माचार्यों के साथ-साथ विश्व हिंदू परिषद, संघ और भाजपा से जुड़े पदाधिकारी व कार्यकर्ता भी मौजूद रहेंगे। स्थानीय लोगों को भी विशेष रूप से आमंत्रित किया गया है।
प्रवेश के लिए सख्त नियम
कार्यक्रम को लेकर सुरक्षा और व्यवस्था पर खास ध्यान दिया गया है। सभी अतिथियों को शाम 4 बजे तक मंदिर परिसर में प्रवेश करना अनिवार्य होगा। प्रवेश केवल क्यूआर कोड वाले पास के जरिए ही मिलेगा।
सुरक्षा कारणों से मोबाइल फोन, हथियार और निजी सुरक्षाकर्मियों के प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगाई गई है।
दो घंटे तक रहेंगे सीएम योगी
मुख्यमंत्री करीब दो घंटे तक राम मंदिर परिसर में रहेंगे। ध्वजारोहण का समय शाम 5 बजे तय किया गया है, जिसके बाद वे उपस्थित लोगों को संबोधित करेंगे। कार्यक्रम के अंत में श्रद्धालुओं और अतिथियों को रामलला का प्रसाद वितरित किया जाएगा। साथ ही राम मंदिर और अन्य मंदिरों के दर्शन की व्यवस्था भी की गई है।
सीएम योगी अपने दौरे के दौरान हनुमानगढ़ी मंदिर में भी दर्शन-पूजन करेंगे। यह कार्यक्रम धार्मिक और सांस्कृतिक दृष्टि से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
सुरक्षा के कड़े इंतजाम
मुख्यमंत्री के दौरे को देखते हुए पूरे क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद सख्त कर दिया गया है। मंदिर परिसर और आसपास के इलाकों में सीसीटीवी कैमरों से निगरानी की जा रही है।
एसपी सुरक्षा बलरामाचारी दुबे की अगुवाई में देर रात तक सघन चेकिंग अभियान चलाया गया। इसके अलावा ड्रोन कैमरों की मदद से भी निगरानी रखी जा रही है और एटीएस के जवानों को तैनात किया गया है।










