MP Weather : देश का दक्षिण-पश्चिम मानसून तीन दिन की देरी के बाद आखिरकार केरल पहुंच गया है। इसके साथ ही मध्यप्रदेश में भी मानसून की उलटी गिनती शुरू हो गई है। केंद्रीय मौसम विभाग ने प्रदेश में मानसून की एंट्री को लेकर बड़ा अपडेट जारी किया है। विभाग के अनुसार मध्यप्रदेश में मानसून 20 से 22 जून के बीच दस्तक दे सकता है।
सामान्य परिस्थितियों में प्रदेश में मानसून 15 जून तक पहुंच जाता है, लेकिन इस बार इसकी रफ्तार थोड़ी धीमी बताई जा रही है। मौसम वैज्ञानिकों के मुताबिक अरब सागर और बंगाल की खाड़ी से मिल रही नमी मानसून को आगे बढ़ाने में मदद कर रही है।
प्री-मानसून गतिविधियों से मिली राहत
फिलहाल प्रदेश में प्री-मानसून गतिविधियां तेज हो गई हैं, जिससे भीषण गर्मी से परेशान लोगों को राहत मिली है। भोपाल में गुरुवार शाम तेज आंधी और जोरदार बारिश हुई। इस दौरान हवाओं की रफ्तार 70 से 80 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच गई।
राजधानी समेत कई जिलों में तेज बारिश, आंधी और ओलावृष्टि दर्ज की गई, जिससे किसानों को नुकसान भी उठाना पड़ा। कई जगह पेड़ गिर गए और बिजली व्यवस्था प्रभावित हुई।
45 जिलों में बारिश और आंधी का अलर्ट
मौसम विभाग ने शनिवार के लिए प्रदेश के 45 जिलों में गरज-चमक के साथ बारिश का अलर्ट जारी किया है।
इन जिलों में भोपाल, विदिशा, रायसेन, सीहोर, राजगढ़, नर्मदापुरम, बैतूल, हरदा, बुरहानपुर, खंडवा, खरगोन, बड़वानी, अलीराजपुर, झाबुआ, धार, इंदौर, रतलाम, उज्जैन, देवास, शाजापुर, आगर, मंदसौर, नीमच, गुना, अशोकनगर, शिवपुरी, ग्वालियर, दतिया, भिंड, मुरैना, श्योपुर, सतना, जबलपुर, नरसिंहपुर, छिंदवाड़ा, सिवनी, मंडला, बालाघाट, पन्ना, दमोह, सागर, छतरपुर, टीकमगढ़, निवाड़ी और पांढुर्णा शामिल हैं।
वहीं मंदसौर, नीमच, छिंदवाड़ा और सिवनी जिलों में ओलावृष्टि का भी अलर्ट जारी किया गया है।
भोपाल में बदला मौसम का मिजाज
भोपाल में गुरुवार शाम अचानक मौसम बदला। तेज हवाओं के साथ बारिश और कुछ इलाकों में ओले भी गिरे। सीहोर, राजगढ़ और देवास में भी तेज हवा और गरज-चमक की स्थिति बनी रही।
मौसम वैज्ञानिक एसएन साहू के अनुसार पाकिस्तान की ओर एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय है और ऊपरी हवा का चक्रवात बना हुआ है। इसके कारण वातावरण में नमी बढ़ गई है। दिनभर की गर्मी के बाद शाम को लोकल क्लाउड डेवलप हो रहे हैं, जिससे बारिश की स्थिति बन रही है।











