क्यूएस एशिया रैंकिंग में पिछड़े भारतीय शिक्षण संस्थान, IIT इंदौर का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन

0
45
IIT Indore

नई दिल्ली। विश्व के सर्वश्रेष्ठ शिक्षण संस्थानों के आगे भारत के शिक्षण संस्थानों की हालत दयनीय है। क्यूएस एशिया रैंकिंग-2020 में भारतीय शिक्षण संस्थानों की रैंकिंग में गिरावट दर्ज की गई है। रैंकिंग के हिसाब से सभी आईआईटी सहित बीएचयू, आईआईएससी बेंगलुरू, दिल्ली विश्वविद्यालय, जामिया मिल्लिया इस्लामिया का स्तर खिसक गया है। हालांकि आईआईटी इंदौर 53 अंकों की छलांग लगाकर रैंकिंग में 188 पायदान पर पहुंच गया है, जबकि रैंकिंग-2019 में 241 स्थान पर था। इस रैंकिंग में नेशनल यूनिवर्सिटी ऑफ सिंगापुर को पहला और नंनयग टेक्नोलॉजिकल यूनिवर्सिटी को दूसरा स्थान मिला है।

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक क्यूएस के शोध निदेशक बेन सोटर के मुताबिक क्यूएस एशिया रैंकिंग-2020 में 96 भारतीय शिक्षण संस्थानों को जगह मिली है। अब तक सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले आईआईटी मुंबई 33वीं रैंकिंग से 34वें स्थान पर पहुंच गया है, जबकि दिल्ली विश्वविद्यालय पांच स्थान लुढ़क गया है। इधर, एशिया में चीन के मुकाबले भारतीय शिक्षण संस्थान लगातार पिछड़ते जा रहे हैं। पांच साल पहले चीन का एक संस्थान रैंकिंग में शामिल था और एशिया रैंकिंग 2020 में टॉप दस में चार संस्थान शामिल हैं।

उच्च शिक्षण संस्थानों को रैंकिंग देने वाली क्यूएस ने पहली बार भारतीय संस्थानों की गिरती रैंकिंग पर सवाल उठाया है। क्यूएस के रिसर्च डायरेक्टर बेन सोटर के मुताबिक क्यूएस की एशिया रैंकिंग 2020 में पिछले साल के मुकाबले इस साल भारत के कई दिग्गज शिक्षण संस्थानों की रैंकिंग में गिरावट आई है। अब तक सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने वाले आईआईटी मुंबई के प्रदर्शन में भी एक पायदान की गिरावट है। भारत के टॉप सौ में आठ संस्थान है, जबकि चीन के टॉप दस में चार संस्थान है।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here