एमपी में चलेंगे किसान रथ, गांव-गांव पहुंचेगी सरकार, सीएम मोहन यादव ने दिए निर्देश

Author Picture
By Raj RathorePublished On: January 31, 2026
Kisan Kalyan Varsh

Kisan Kalyan Varsh : मध्य प्रदेश सरकार ने किसानों के हित में बड़ा फैसला लिया है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने वर्ष 2026 को किसान कल्याण वर्ष के रूप में मनाने का ऐलान किया है। इस दौरान राज्य भर में किसान रथ चलाए जाएंगे। जनप्रतिनिधि इन रथों का शुभारंभ करेंगे।

मुख्यमंत्री ने कमिश्नर और कलेक्टर्स के साथ बैठक की। उन्होंने किसान कल्याण वर्ष के प्रभावी क्रियान्वयन के निर्देश दिए। डॉ. यादव ने कहा कि किसानों का जीवन संवारना सरकार का मिशन है।

कृषि क्षेत्र में नई पहल

सरकार ने कई फसलों पर विशेष ध्यान देने का निर्णय लिया है। मूंगफली और उड़द की खेती को बढ़ावा दिया जाएगा। प्राकृतिक कृषि को प्रोत्साहित करने की योजना है। पराली प्रबंधन पर भी जोर दिया जाएगा। दुग्ध उत्पादन बढ़ाने के लिए विशेष कार्यक्रम चलाए जाएंगे। इससे किसानों की आय में वृद्धि होगी। ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।

राज्यस्तरीय सहकारिता सम्मेलन

मार्च माह में राज्यस्तरीय सहकारिता सम्मेलन का आयोजन होगा। यह सम्मेलन किसानों के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा। इसमें नए कृषि ऋण की सुविधा दी जाएगी। किसानों को डोर स्टेप बैंकिंग सेवा भी मिलेगी। इससे उन्हें बैंक जाने की जरूरत नहीं पड़ेगी। घर बैठे वित्तीय सेवाएं उपलब्ध होंगी।

किसान रथ का उद्देश्य

किसान रथ के माध्यम से जागरूकता फैलाई जाएगी। इनके जरिए सरकारी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। किसानों को आधुनिक कृषि तकनीक से अवगत कराया जाएगा। जनप्रतिनिधि इन रथों का शुभारंभ करेंगे। यह कार्यक्रम पूरे राज्य में चलेगा। ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंच सुनिश्चित की जाएगी।

प्राकृतिक खेती पर जोर

मोहन सरकार प्राकृतिक कृषि को बढ़ावा दे रही है। रासायनिक खाद का उपयोग कम करने की अपील है। जैविक खेती से मिट्टी की उर्वरता बढ़ेगी। किसानों को प्राकृतिक खेती का प्रशिक्षण दिया जाएगा। इससे उत्पादन लागत में कमी आएगी। फसलों की गुणवत्ता भी बेहतर होगी।

पराली प्रबंधन की व्यवस्था

पराली जलाने की समस्या पर ध्यान दिया जा रहा है। किसानों को पराली प्रबंधन के तरीके बताए जाएंगे। इससे प्रदूषण कम होगा और मिट्टी को फायदा मिलेगा। पराली से बायो फ्यूल बनाने की संभावनाएं तलाशी जा रही हैं। किसानों को इसका आर्थिक लाभ मिलेगा। पर्यावरण संरक्षण में भी मदद मिलेगी।

डेयरी सेक्टर को मिलेगा बढ़ावा

दुग्ध उत्पादन बढ़ाने पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। किसानों को बेहतर नस्ल के पशु उपलब्ध कराए जाएंगे। चारा उत्पादन को भी प्रोत्साहित किया जाएगा। दूध की खरीद के लिए उचित व्यवस्था होगी। किसानों को समय पर भुगतान मिलेगा। डेयरी सहकारी समितियों को मजबूत किया जाएगा।

वित्तीय सहायता की योजना

किसान कल्याण वर्ष में ऋण सुविधाओं का विस्तार होगा। ब्याज दरों में रियायत दी जा सकती है। समय पर ऋण चुकाने वालों को प्रोत्साहन मिलेगा। डोर स्टेप बैंकिंग से किसानों को राहत मिलेगी। बैंक मित्र गांवों में सेवाएं देंगे। खाता खोलने से लेकर ऋण तक की सुविधा घर पर मिलेगी।

प्रशासन को दिए निर्देश

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए हैं। योजनाओं का लाभ हर किसान तक पहुंचना चाहिए। भ्रष्टाचार और लापरवाही बर्दाश्त नहीं होगी। कलेक्टर्स को जमीनी स्तर पर निगरानी करनी होगी। नियमित समीक्षा बैठकें होंगी। किसानों की शिकायतों का त्वरित निपटारा होगा।

मध्य प्रदेश सरकार की यह पहल किसानों के लिए वरदान साबित हो सकती है। किसान कल्याण वर्ष 2026 से कृषि क्षेत्र में बड़े बदलाव की उम्मीद है। सरकार का दावा है कि इससे किसानों की आय दोगुनी करने का लक्ष्य पूरा होगा।