इंदौर में शनिवार को एक घंटे तक लगातार हुई तेज बारिश ने शहर को पानी-पानी कर दिया। सड़कों पर जलभराव के कारण ट्रैफिक लगभग दो घंटे तक ठप रहा। इसके पहले शुक्रवार को ही यशवंत सागर तालाब पूरी क्षमता तक भर चुका था। जलस्तर बढ़ने के कारण नगर निगम ने एहतियातन रात 11 बजे डैम का एक गेट खोल दिया।
यशवंत सागर लबालब, शहर में नहीं होगी पानी की किल्लत
यशवंत सागर का लबालब भरना शहर के लिए राहत की खबर है, क्योंकि अन्य तालाबों में अभी जल स्तर आधा भी नहीं पहुंचा है। इस तालाब से पश्चिमी इंदौर के बड़े हिस्से में प्रतिदिन 30 एमएलडी पानी की आपूर्ति होती है।
महू की बारिश ने बढ़ाया नदियों-नालों का जलस्तर
शहर में बारिश कम रही, लेकिन महू में हुई तेज वर्षा के कारण नदियाँ और नाले उफान पर आ गए। इस वजह से यशवंत सागर तालाब में पानी तेजी से बढ़ा और उसका जलस्तर 19 फीट तक पहुँच गया।
सड़कें बनीं तालाब
मौसम विभाग के अनुसार, शुक्रवार को दोपहर 3:30 से 4:15 बजे के बीच गरज-चमक के साथ तेज बारिश हुई, जिससे शहर के कई हिस्सों में पानी भर गया। एयरपोर्ट इलाके में शाम 5:30 बजे तक 11.2 मिमी और रीगल इलाके में 8 मिमी वर्षा दर्ज की गई।
नगर निगम ने बढ़ाई सतर्कता, लोगों को किया सचेत
जलकार्य समिति के प्रभारी अभिषेक शर्मा ने बताया कि डाउनस्ट्रीम के गांवों और उज्जैन डैम प्रशासन को पहले ही सूचना दे दी गई है, ताकि लोग सतर्क रह सकें। उन्होंने यह भी कहा कि पिछले वर्ष डैम के गेट 23 अगस्त को खोले गए थे।
मौसम विभाग ने जारी किया भारी दो दिन का अलर्ट
भारत मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार, मानसून ट्रफ बीकानेर, कोटा, दमोह और पुरी होते हुए बंगाल की खाड़ी तक सक्रिय बनी हुई है। विदर्भ क्षेत्र के आसपास एक चक्रवातीय प्रणाली और छत्तीसगढ़ से केरल की ओर बढ़ रहा दूसरा सिस्टम भी सक्रिय है। इन तीनों प्रणालियों के संयुक्त प्रभाव से इंदौर और आसपास के जिलों में भारी बारिश की संभावना जताई जा रही है। मौसम विभाग ने अगले दो दिनों के लिए प्रदेश के 12 जिलों में विशेष सतर्कता जारी की है।