संत प्रदीप मिश्रा ने बेटियों को दी ‘लव जिहाद’ की जानकारी, दिलाया बचने का संकल्प

व्यासपीठ पर बैठे संत प्रदीप मिश्रा ने सामने बैठी सभी बेटियों को यह बताया की एक पिता के लिए कन्यादान करना सबसे बड़ी चीज होती है. अगर कोई पता अपनी बेटी का कन्यादान अपने हाथों से ना कर पाए तो उसे 94 नरक भोगने पड़ते हैं. इसलिए अगर अपने पिता को नर्क से बचाना चाहो, तो कभी धर्म के बाहर शादी मत करना.

सीहोर के प्रसिद्ध कथा वाचक प्रदीप मिश्रा अपने मंत्रमुग्ध कर देने वाली कथाओं से हमेशा ही भक्तों को भावविभोर कर देते हैं. हाल ही में उन्होंने अपनी एक कथा के दौरान ‘लव जिहाद’ के बारे में सभी बेटियों को बताया और उन्हें इससे बचने का संकल्प दिलाया.

व्यासपीठ पर बैठे संत प्रदीप मिश्रा ने सामने बैठी सभी बेटियों को यह बताया की एक पिता के लिए कन्यादान करना सबसे बड़ी चीज होती है. अगर कोई पता अपनी बेटी का कन्यादान अपने हाथों से ना कर पाए तो उसे 94 नरक भोगने पड़ते हैं. इसलिए अगर अपने पिता को नर्क से बचाना चाहो, तो कभी धर्म के बाहर शादी मत करना. यह कहने के बाद उन्होंने वहां बैठी सभी बेटियों को खड़ा होने को कहा और उन्हें संकल्प दिलाया कि आज हम संकल्प लेते हैं कि हिंदू धर्म के अलावा किसी और धर्म में शादी नहीं करेंगे. उनके कहने पर वहां बैठी सभी बेटियों ने यह संकल्प लिया. बेटियों को इस तरह संकल्प लेता देख पंडित प्रदीप मिश्रा ने यह कहकर उनका हौसला बढ़ाया कि आज आप सब के पिताओं को आप पर गर्व होगा कि उनकी बेटियां एक बहुत जरूरी बात समझ गई है और इस समाज में अपने योगदान के लिए आगे बढ़ रही हैं.

Must Read- रामलला के दरबार पहुंचे उपराष्ट्रपति वेंकैया नायडू, मंदिर निर्माण की ली जानकारी

बता दें कि पंडित प्रदीप मिश्रा हरिद्वार में शिव महापुराण की कथा कर रहे हैं. कुछ समय पहले ही उनके एक्सीडेंट की खबर सामने आई थी. जहां कथा स्थल पर जाते समय उनकी गाड़ी 2 पलटी खा गई थी. घटना में कोई भी हताहत नहीं हुआ पंडित प्रदीप मिश्रा और उनके साथ मौजूद बाकी सभी लोग सुरक्षित हैं. एक्सीडेंट के बाद पंडित मिश्रा कथा स्थल पर कथा करने भी पहुंच गए थे, व्यासपीठ से उन्होंने अपने सकुशल होने की जानकारी देते हुए भगवान को धन्यवाद दिया था.