Kendra Trikona Rajyog : वैदिक ज्योतिष में शनि को न्याय और कर्म का देवता माना जाता है। शनि की चाल में हर छोटा-बड़ा बदलाव सभी 12 राशियों पर गहरा असर डालता है। ज्योतिषीय गणनाओं के अनुसार, लगभग 30 साल बाद शनि एक अत्यंत शुभ और शक्तिशाली ‘केंद्र त्रिकोण राजयोग’ का निर्माण कर रहे हैं।
यह राजयोग कुछ विशेष राशियों के लिए किस्मत बदलने वाला साबित हो सकता है। ज्योतिष विशेषज्ञों का मानना है कि इस योग के प्रभाव से तीन राशियों के जातकों को करियर में शानदार सफलता, धन-धान्य में वृद्धि और रुके हुए कार्यों में गति देखने को मिल सकती है।
क्या होता है केंद्र त्रिकोण राजयोग?
ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, किसी भी कुंडली में केंद्र भाव (पहला, चौथा, सातवां और दसवां घर) और त्रिकोण भाव (पहला, पांचवां और नौवां घर) सबसे शुभ माने जाते हैं। जब इन भावों के स्वामियों के बीच कोई संबंध, जैसे युति, दृष्टि या राशि परिवर्तन होता है, तो ‘केंद्र त्रिकोण राजयोग’ का निर्माण होता है। वर्तमान में शनि, मिथुन राशि के लिए त्रिकोण यानी भाग्य भाव के स्वामी होकर केंद्र भाव में गोचर कर रहे हैं, जिससे यह शक्तिशाली राजयोग बन रहा है।
मिथुन राशि (Gemini)
इस राशि के जातकों के लिए यह राजयोग विशेष रूप से फलदायी साबित होगा। शनि आपके भाग्य भाव के स्वामी होकर केंद्र में विराजमान हैं, जिससे किस्मत का पूरा साथ मिलेगा। करियर में उल्लेखनीय प्रगति के योग बन रहे हैं और कार्यक्षेत्र में आपकी मेहनत की सराहना होगी। वरिष्ठ अधिकारी आपके काम से प्रसन्न रहेंगे, जिससे पदोन्नति या वेतन वृद्धि के अवसर खुल सकते हैं। जो लोग नई नौकरी की तलाश में हैं, उन्हें कई अच्छे प्रस्ताव मिल सकते हैं। व्यापार से जुड़े लोगों को भी वृद्धि और लाभ के प्रबल संकेत हैं।
वृश्चिक राशि (Scorpio)
वृश्चिक राशि के लिए भी शनि का यह योग कई क्षेत्रों में सकारात्मक परिणाम लेकर आ रहा है। शनि आपके पंचम भाव में स्थित होकर सप्तम, एकादश और द्वितीय भाव पर दृष्टि डाल रहे हैं। इसके प्रभाव से व्यापार में महत्वपूर्ण लाभ मिलने की संभावना है। यदि आप कोई नया व्यवसाय शुरू करने की योजना बना रहे हैं तो समय अनुकूल है। शनि की दृष्टि आय के भाव पर होने से आमदनी में वृद्धि होगी, भले ही यह धीमी गति से हो। धन संचय करने में भी आपको सफलता मिल सकती है। इस राशि पर चल रही शनि की ढैया भी समाप्त हो चुकी है, जिससे जीवन दोबारा पटरी पर लौटने लगेगा।
मकर राशि (Capricorn)
मकर राशि के जातक शनि की साढ़े साती से मुक्त हो चुके हैं, जिससे जीवन में खुशियों की वापसी होगी। इस राशि में शनि तीसरे भाव से गोचर कर रहे हैं और उनकी दृष्टि पंचम, नवम और द्वादश भाव पर पड़ रही है। लंबे समय से रुके हुए काम फिर से बनने लगेंगे। विदेश से जुड़े व्यापार, नौकरी या किसी प्रोजेक्ट से अच्छा आर्थिक लाभ मिल सकता है। आकस्मिक धन लाभ के भी योग बन रहे हैं। आपके आत्मविश्वास और ऊर्जा में वृद्धि होगी, साथ ही अनावश्यक खर्चों पर नियंत्रण लगेगा, जिससे बचत करना संभव होगा।










