बाराबंकी में सीएम योगी की दो टूक- ‘बाबरी का सपना देखने वालों का कयामत का दिन कभी नहीं आएगा’

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By Raj RathorePublished On: February 10, 2026
CM Yogi Blunt Statement

बाराबंकी: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मंगलवार को बाराबंकी में एक जनसभा को संबोधित करते हुए बाबरी ढांचे और कानून-व्यवस्था को लेकर कड़ा संदेश दिया। उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि जो लोग बाबरी ढांचे का सपना देख रहे हैं, उन्हें समझ लेना चाहिए कि ‘कयामत का दिन’ कभी नहीं आएगा। सीएम योगी ने अपराधियों को भी चेताते हुए कहा कि ‘कायदे में रहोगे तो फायदे में रहोगे’ वरना रास्ता सीधे ‘जहन्नुम’ की ओर जाता है।

‘कयामत तक नहीं बनेगा बाबरी ढांचा’

श्री राम जानकी मंदिर में आयोजित एक कार्यक्रम में सीएम योगी ने राम मंदिर के विरोधियों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि कुछ लोग अवसरवादी हैं जो केवल संकट के समय राम को याद करते हैं। उन्होंने कहा, “जो लोग बाबरी ढांचे का सपना देख रहे हैं, उनको हम बता दे रहे हैं कि कयामत का दिन कभी नहीं आएगा।”

“आज फिर हम कह रहे हैं कि कयामत के दिन तक भी बाबरी मस्जिद के ढांचे का पुनर्निर्माण होना ही नहीं है। जो कयामत के दिन के आने का सपना देख रहे हैं, वे ऐसे ही सड़-खप जाएंगे। वो दिन कभी नहीं आना है।” — योगी आदित्यनाथ, मुख्यमंत्री, उत्तर प्रदेश

उन्होंने आगे कहा कि रामभक्तों पर गोली चलाने वाले और राम के काम में बाधा डालने वाले ‘रामद्रोहियों’ के लिए अब कोई जगह नहीं बची है।

कानून तोड़ने वालों को सख्त चेतावनी

प्रदेश की कानून-व्यवस्था का जिक्र करते हुए सीएम योगी ने अपराधियों और उपद्रवियों को सख्त लहजे में नसीहत दी। उन्होंने कहा, “हिंदुस्तान में कायदे से रहना सीखो। यहां का कानून मानो, कानून मानोगे, कायदे से रहोगे, तो फायदे में रहोगे।”

उन्होंने स्पष्ट किया कि कानून तोड़ने वालों का भविष्य अंधकारमय है। सीएम योगी ने कहा, “अगर कोई कानून तोड़ेगा, तो रास्ता सीधे जहन्नुम की ओर जाता है। कानून तोड़कर कोई जन्नत जाने का सपना देख रहा है, तो यह सपना कभी पूरा नहीं होने वाला है।” उन्होंने यह भी जोड़ा कि कानून तोड़ने वालों को ऐसी सजा मिलेगी कि उनकी सात पीढ़ियां याद रखेंगी।

2017 से पहले के उत्तर प्रदेश का जिक्र

अपनी सरकार की उपलब्धियां गिनाते हुए मुख्यमंत्री ने 2017 से पहले की स्थिति से तुलना की। उन्होंने कहा, “2017 से पहले भी उत्तर प्रदेश था, क्या हालात थे? कोई पर्व और त्योहार आप शांतिपूर्ण तरीके से नहीं मना सकते थे।”

उन्होंने आरोप लगाया कि पहले न बेटी सुरक्षित थी, न व्यापारी, न किसान और न ही नौजवान। सीएम योगी के मुताबिक, “हर तीसरे-चौथे दिन किसी न किसी शहर में कर्फ्यू लगता था, दंगे होते थे और गरीबों की जमीन पर कब्जा कर लिया जाता था।”