सीएम मोहन यादव ने इंदौर को दी बड़ी सौगात, पीएम ई-बस सेवा के तहत शहर में होगा 150 बसों का संचालन

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By Raj RathorePublished On: June 1, 2026

CM Mohan Yadav : मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को आधुनिक और सुगम बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया है। 1 जून को मंत्रालय में आयोजित मध्यप्रदेश यात्री परिवहन एंड इन्फ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड के संचालक मंडल की बैठक में प्रदेशभर में नई परिवहन व्यवस्था लागू करने को लेकर महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। बैठक में परिवहन मंत्री उदय प्रताप सिंह, मुख्य सचिव अनुराग जैन सहित वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

बैठक में बताया गया कि मध्यप्रदेश को इंदौर, उज्जैन, भोपाल, जबलपुर, सागर, ग्वालियर और रीवा सहित कुल 7 परिवहन क्षेत्रों में विभाजित किया जाएगा। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा और पीएम ई-बस सेवा के तहत बस संचालन की शुरुआत सबसे पहले इंदौर क्षेत्र से की जाएगी।

मनीष सिंह ने दिया प्रेजेंटेशन

प्रबंध संचालक मनीष सिंह ने प्रस्तुतीकरण में बताया कि इंदौर संभाग के सभी जिलों में बस संचालन की जिम्मेदारी अटल इंदौर सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विस लिमिटेड (AICTSL) को दी जाएगी। इसके तहत इंदौर से प्रदेश के अन्य जिलों को जोड़ने वाले इंटरसिटी रूट, शहर की सिटी बस सेवा और महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान व उत्तरप्रदेश के लिए अंतरराज्यीय बस सेवाओं का संचालन किया जाएगा।

उन्होंने आगे बताया कि इंदौर शहर में जुलाई माह से पीएम ई-बस सेवा के तहत 150 इलेक्ट्रिक बसों का संचालन शुरू करने की भी तैयारी है।

IAS Manish Singh

620 मार्गों पर चलेंगी 2432 बसें

बैठक में बताया गया कि प्रदेश के सात क्षेत्रीय मुख्यालयों से जिला मुख्यालयों तक कुल 620 मार्ग चिन्हित किए गए हैं, जिन पर 2432 बसों का संचालन किया जाएगा। इनमें अकेले इंदौर क्षेत्र से 121 मार्ग तय किए गए हैं, जहां 608 बसें चलाई जाएंगी।

वहीं मुख्यमंत्री सुगम परिवहन सेवा के तहत इंदौर शहर और आसपास के उपनगरीय क्षेत्रों के लिए 28 सिटी रूट चिन्हित किए गए हैं, जिन पर कुल 784 बसें संचालित होंगी। इसमें 150 इलेक्ट्रिक बसें भी शामिल रहेंगी।

अंतरराज्यीय बस सेवा भी होगी मजबूत

इंदौर से महाराष्ट्र, गुजरात, राजस्थान और उत्तरप्रदेश जाने वाले कुल 101 अंतरराज्यीय मार्ग चिन्हित किए गए हैं। इन रूटों पर 276 बसों का संचालन किया जाएगा। इस तरह इंदौर से कुल 250 मार्गों पर 1688 बसें संचालित करने की योजना बनाई गई है।

सरकार ने स्पष्ट किया है कि नई परिवहन व्यवस्था से वर्तमान में संचालित निजी बसों के परमिट और संचालन पर कोई असर नहीं पड़ेगा। निजी बसें पहले की तरह ही संचालित होती रहेंगी।

1190 पदों पर होगी भर्ती

बैठक में राज्य स्तरीय होल्डिंग कंपनी और 7 क्षेत्रीय सहायक कंपनियों के गठन को मंजूरी दी गई। इन कंपनियों के संचालन के लिए कुल 1190 पदों के सृजन को स्वीकृति प्रदान की गई है। इन पदों पर चरणबद्ध तरीके से अगले चार वर्षों में भर्ती की जाएगी।

राज्य स्तरीय कंपनी में आईटी, प्लानिंग, पॉलिसी, मानव संसाधन, अधोसंरचना, गुणवत्ता नियंत्रण और बिजनेस डेवलपमेंट जैसे विभाग कार्य करेंगे। इन पदों पर आईएएस, राज्य प्रशासनिक सेवा अधिकारियों और तकनीकी विशेषज्ञों की नियुक्ति की जा सकेगी।

सीएम डॉ. यादव ने दिए निर्देश

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने निर्देश दिए कि नई परिवहन व्यवस्था में यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जाए। उन्होंने संबंधित कलेक्टरों और नगरीय निकायों को बस स्टैंड, आईएसबीटी और जनसुविधाओं को व्यवस्थित करने के निर्देश भी दिए।