Indore Water Project : इंदौर में पेयजल व्यवस्था को आधुनिक और टिकाऊ बनाने की दिशा में बड़ा कदम उठाया जा रहा है। 29 मार्च 2026 को मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दशहरा मैदान पर 1356 करोड़ रुपये की लागत वाली नर्मदा चतुर्थ चरण परियोजना और अन्य जल परियोजनाओं का भूमिपूजन करेंगे। इसी दिन सिरपुर में 20 एमएलडी क्षमता वाले एसटीपी प्लांट का भी लोकार्पण किया जाएगा।
इस कार्यक्रम में पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन, नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय, जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट, सांसद शंकर लालवानी, राज्यसभा सांसद कविता पाटीदार सहित कई जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहेंगे।
आधुनिक जलापूर्ति
भाजपा नगर अध्य्क्ष सुमित मिश्रा, इंदौर महापौर पुष्यमित्र भार्गव ने बताया कि अमृत 2.0 योजना के तहत यह परियोजना शहर को चौबीसों घंटे गुणवत्तापूर्ण जलापूर्ति सुनिश्चित करेगी। परियोजना के तहत इंदौर की भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए अतिरिक्त 400 एमएलडी जल आपूर्ति की जाएगी। इसके लिए 39 किलोमीटर लंबी ग्रेविटीमेन पाइपलाइन बिछाई जाएगी, जिसमें वांचू पॉइंट से राऊ सर्कल तक 2235 मिमी व्यास की पाइपलाइन शामिल है।
पाइपलाइन बिछाने के साथ ही तीन महत्वपूर्ण स्थानों पर 2870 मीटर लंबी सुरंगें बनाई जाएंगी। साथ ही राऊ सर्कल पर क्लोरिनेशन सिस्टम लगाया जाएगा ताकि जल गुणवत्ता बनी रहे। इस पैकेज के तहत 448.23 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे और इसे 30 माह में पूरा करने का लक्ष्य है।
टंकियों और कनेक्शन का विस्तार
परियोजना के पैकेज-3 और 4 के अंतर्गत 40 नई ओवरहेड टंकियों का निर्माण और 76 पुरानी टंकियों का उन्नयन किया जाएगा। पैकेज-3 के तहत 15 से 35 लाख लीटर क्षमता की 20 नई टंकियां और 29 मौजूदा टंकियों का सुदृढ़ीकरण होगा। इन्हें जोड़ने के लिए 27.4 किलोमीटर फीडर पाइपलाइन और 4.7 किलोमीटर ग्रेविटी मेन लाइन बिछाई जाएगी। साथ ही 685 किलोमीटर लंबी डिस्ट्रीब्यूशन लाइन भी बिछेगी।
पैकेज-4 में भी 20 नई टंकियां और 46 मौजूदा टंकियों का उन्नयन किया जाएगा। इस भाग में 25.82 किलोमीटर फीडर लाइन और 892 किलोमीटर वितरण पाइपलाइन बिछाई जाएगी।
2.47 लाख नए घरेलू जल कनेक्शन
पैकेज-3 के अंतर्गत लगभग 1.26 लाख नए घरेलू जल कनेक्शन और 1.08 लाख वाटर मीटर लगाए जाएंगे। पैकेज-3 की लागत 410.50 करोड़ रुपये है और इसे 36 माह में पूरा किया जाएगा। पैकेज-4 के तहत 1.21 लाख नए कनेक्शन और 1.62 लाख वाटर मीटर लगाए जाएंगे। इसकी लागत 497.23 करोड़ रुपये है।
पूरी परियोजना SCADA आधारित स्मार्ट मॉनिटरिंग, एनआरडब्ल्यू नियंत्रण और डीएमए तकनीक से लैस होगी। इससे जल वितरण की रियल टाइम निगरानी होगी और पानी की बर्बादी व लीकेज पर नियंत्रण मिलेगा।
ग्रामीण क्षेत्रों तक पहुंचेगा नर्मदा जल
इस योजना के तहत इंदौर के साथ आसपास के 29 गांवों जैसे रेवती, बरदरी, भौरांसला, कुमेडी, शक्करखेड़ी, मायाखेड़ी, बिचैली हप्सी, पत्थर मूंडला, पालदा, छोटा बांगड़दा, निहालपुर मुंडी, बड़ा बांगड़दा, पालाखेड़ी आदि में भी पेयजल आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी।
यहां बनेंगी नई जल टंकियां
पैकेज-3 और 4 के अंतर्गत जिन क्षेत्रों में टंकियां बनेंगी, उनमें पुराने रजिस्ट्रार ऑफिस के गार्डन, खालसा चौराहा, लवकुश विहार, निरंजनपुर मंडी, शक्करखेड़ी, केलोद करताल, ओमेक्स हिल, देवगुराड़िया, पंचवटी कॉलोनी, मायाखेड़ी, सांई गंगौत्री, लक्ष्मीबाई मंडी, विजय नगर, महल कचहरी, गांधी नगर, बुध्द नगर सहित अन्य स्थान शामिल हैं।
नगर निगम महापौर पुष्यमित्र भार्गव के अनुसार, यह परियोजना न केवल आधारभूत संरचना को मजबूत करेगी, बल्कि नागरिकों के स्वास्थ्य और जीवन स्तर को भी बेहतर बनाएगी।










