केंद्रीय शिक्षक पात्रता परीक्षा यानी CTET 2026 में अब केवल 9 दिन बाकी हैं। शिक्षक बनने का सपना देख रहे लाखों उम्मीदवारों के लिए यह समय बेहद महत्वपूर्ण है। परीक्षा में सफल होने के लिए जनरल कैटेगरी को 60 प्रतिशत यानी 90 अंक चाहिए। वहीं SC, ST और OBC वर्ग के लिए 55 प्रतिशत यानी 82 अंक जरूरी हैं।
इस परीक्षा की खास बात यह है कि इसमें कोई नेगेटिव मार्किंग नहीं है। इसलिए हर प्रश्न को अटेम्प्ट करने की कोशिश करनी चाहिए। अब फोकस सिर्फ रिवीजन, प्रैक्टिस और टाइम मैनेजमेंट पर होना चाहिए।
परीक्षा पैटर्न को समझें
CTET में कुल 150 बहुविकल्पीय प्रश्न पूछे जाते हैं। कुल अंक 150 हैं और समय 2.5 घंटे मिलता है। परीक्षा दो पेपर में होती है।
पेपर 1 (कक्षा 1-5 के लिए): बाल विकास और शिक्षाशास्त्र से 30 प्रश्न, भाषा 1 से 30 प्रश्न, भाषा 2 से 30 प्रश्न, गणित से 30 प्रश्न और पर्यावरण अध्ययन से 30 प्रश्न आते हैं।
पेपर 2 (कक्षा 6-8 के लिए): बाल विकास और शिक्षाशास्त्र से 30 प्रश्न, भाषा 1 से 30 प्रश्न, भाषा 2 से 30 प्रश्न और गणित-विज्ञान या सामाजिक अध्ययन से 60 प्रश्न पूछे जाते हैं।
9 दिनों का स्मार्ट तैयारी प्लान
रोजाना 8-10 घंटे पढ़ाई का समय निकालें। पहले दो दिनों में अपनी ताकत और कमजोरियां पहचान लें।
दिन 1 से 3: मुख्य फोकस रिवीजन और कमजोर क्षेत्रों को मजबूत करने पर रखें। बाल विकास और शिक्षाशास्त्र यानी CDP पर सबसे ज्यादा ध्यान दें। यह स्कोरिंग सेक्शन है। पियाजे, वायगोत्स्की और कोहलबर्ग की थ्योरी अच्छे से पढ़ें। अधिगम के सिद्धांत, मोटिवेशन, नैतिक विकास और बुद्धि के टॉपिक्स रिवाइज करें। रोजाना 50-60 CDP के पिछले साल के प्रश्न हल करें।
भाषा सेक्शन में व्याकरण नियम और पैसेज कॉम्प्रिहेंशन पर प्रैक्टिस करें। रोज 2-3 पैसेज पढ़कर समझें और गति बढ़ाएं।
दिन 4 से 6: विषय-विशेष रिवीजन और मॉक टेस्ट शुरू करें। गणित और पर्यावरण अध्ययन के बेसिक फॉर्मूला दोहराएं। NCERT आधारित फैक्ट्स याद करें। रोजाना कम से कम 1 फुल मॉक टेस्ट दें। 150 प्रश्न 2.5 घंटे के टाइमर के साथ हल करें।
मॉक टेस्ट के बाद आत्म-विश्लेषण जरूर करें। गलत प्रश्नों को दोबारा पढ़ें और समझें। जरूरत पड़ने पर YouTube या ऑनलाइन फ्री रिवीजन वीडियो देखें।
दिन 7 और 8: फुल स्पीड प्रैक्टिस और समय प्रबंधन पर जोर दें। रोजाना 2 फुल मॉक टेस्ट दें। हर प्रश्न पर औसतन 1 मिनट से कम समय लगाएं। मजबूत सेक्शन पहले हल करें। मुश्किल प्रश्नों पर ज्यादा समय न गंवाएं। उन्हें मार्क करके आगे बढ़ें और अंत में वापस देखें। पिछले 5-10 साल के CTET पेपर जरूर हल करें। इससे पैटर्न अच्छे से समझ आएगा।
दिन 9 (परीक्षा से एक दिन पहले): हल्का रिवीजन करें और आराम करें। सिर्फ शॉर्ट नोट्स, महत्वपूर्ण थ्योरी और फॉर्मूला दोहराएं। कोई नया टॉपिक न पढ़ें। अच्छी नींद लें और हेल्दी खाना खाएं। एडमिट कार्ड, आईडी प्रूफ और पेन सब पहले से चेक कर लें।
सफलता के लिए जरूरी टिप्स
बाल विकास और शिक्षाशास्त्र को कभी हल्के में न लें। इसमें 25-28 अंक आसानी से आ सकते हैं। भाषा सेक्शन में पैसेज और व्याकरण पर रोज अभ्यास करें। यह स्कोर बढ़ाने में बहुत मदद करता है। मॉक टेस्ट नियमित दें। इससे परीक्षा का माहौल मिलेगा और गलतियां कम होंगी। समय प्रबंधन पर ध्यान दें। पहले आसान प्रश्न हल करें। कठिन प्रश्नों पर 30-40 सेकंड से ज्यादा न लगाएं।
150 में से कम से कम 110-120 प्रश्न अटेम्प्ट करने का लक्ष्य रखें। नेगेटिव मार्किंग नहीं है इसलिए कोई प्रश्न छोड़ने की जरूरत नहीं। शॉर्ट नोट्स बनाकर रखें। हर टॉपिक के 4-5 मुख्य पॉइंट्स लिख लें। रिवीजन आसान हो जाएगा।
पॉजिटिव माइंडसेट रखें
कई उम्मीदवार आखिरी हफ्ते में अच्छी तैयारी से पास हो जाते हैं। 9 दिन में सब कुछ नया नहीं सीखा जा सकता। लेकिन स्मार्ट रिवीजन और प्रैक्टिस से 90+ अंक लाना बिल्कुल संभव है। फोकस बनाए रखें और रोज का टारगेट पूरा करें।
दिल्ली में परीक्षा देने वाले उम्मीदवार एग्जाम सेंटर पहले से पता कर लें। एडमिट कार्ड ctet.nic.in से जल्दी डाउनलोड कर लें। सही तैयारी और आत्मविश्वास से सफलता जरूर मिलेगी।











