भरोसा था तभी डैम की पाल के बीचों-बीच जा पहुंचे थे मंत्री और कमिश्नर

पानी निकालने के पूर्व जिस तरह से दोनों पूरे भरोसे के साथ पैदल चलते हुए डेम की पाल पर पहुँच गए थे वह इस आश्वस्ति के लिए पर्याप्त था कि डैम नहीं फूटेगा।

कारम डैम को बचाने के समूचे आप्रेशन में जल संसाधन मंत्री तुलसीराम सिलावट और इंदौर के कमिश्नर डॉक्टर पवन शर्मा ने जिस तरह से रात दिन एक करते हुए काम किया है वह वास्तव में क़ाबिले तारीफ़ है। मौक़े पर उपस्थित लोगों ने उन्हें जूझते हुए देखा है। पानी निकालने के पूर्व जिस तरह से दोनों पूरे भरोसे के साथ पैदल चलते हुए डेम की पाल पर पहुँच गए थे वह इस आश्वस्ति के लिए पर्याप्त था कि डैम नहीं फूटेगा।
स्वतंत्रता दिवस के शुभ अवसर पर आज उसी स्थल पर झंडा वंदन करने का निर्णय भी उनकी कर्तव्य परायणता का परिचायक है।