मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस पर रविवार को इंदौर में आयोजित जिला स्तरीय समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की गैरमौजूदगी चर्चा का विषय रही।
कार्यक्रम में शहर के छह विधायक और मध्यप्रदेश राज्य सहकारी अनुसूचित जाति वित्त एवं विकास निगम के अध्यक्ष सावन सोनकर शामिल नहीं हुए।
मंच पर इन सभी के नाम की कुर्सियां लगाई गई थीं, लेकिन कार्यक्रम के दौरान वे खाली रहीं। समारोह में नगरीय विकास एवं आवास मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ही शामिल हुए।
खास बात यह रही कि जिस विधानसभा क्षेत्र में समारोह आयोजित किया गया, वहां के विधायक भी कार्यक्रम में नहीं पहुंचे। वहीं, आयोजन में करीब 90 प्रतिशत उपस्थिति स्कूली बच्चों की रही। स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं की गैरमौजूदगी भी चर्चा में रही।
मंच पर नेताओं की कुर्सियां खाली, अधिकारियों ने संभाली जगह
राजेंद्र नगर स्थित लता मंगेशकर सभागृह में आयोजित समारोह के मंच पर विधायक मधु वर्मा, गोलू शुक्ला, मालिनी गौड़, रमेश मंदोला, उषा ठाकुर और महेंद्र हार्डिया के नाम की कुर्सियां रखी गई थीं। इसके अलावा निगम अध्यक्ष सावन सोनकर के नाम की कुर्सी भी लगाई गई थी।
हालांकि, कार्यक्रम के दौरान ये जनप्रतिनिधि मौजूद नहीं रहे। उनकी गैरमौजूदगी में अधिकारियों को उनके नाम वाली कुर्सियों पर बैठे देखा गया। प्रदेश सरकार के जिला स्तरीय मुख्य समारोह में स्थानीय जनप्रतिनिधियों की अनुपस्थिति ने आयोजन को लेकर अलग ही तस्वीर पेश की।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में स्कूली बच्चों की रही बड़ी भागीदारी
समारोह में स्कूली विद्यार्थियों ने सांस्कृतिक प्रस्तुतियां दीं। विभिन्न सरकारी योजनाओं के हितग्राहियों को लाभ वितरित किए गए और विभागीय योजनाओं तथा विकास कार्यों से संबंधित प्रदर्शनी भी लगाई गई।
आयोजन में विद्यार्थियों की बड़ी संख्या मौजूद रही, जबकि स्थानीय भाजपा कार्यकर्ता नजर नहीं आए। ऐसे में कार्यक्रम में जनप्रतिनिधियों और पार्टी कार्यकर्ताओं की गैरमौजूदगी चर्चा का विषय बनी रही।
तीन किसानों को ट्रैक्टर, बुलेट और ई-स्कूटी के प्रमाण पत्र
स्थापना दिवस समारोह में ‘किसान कल्याण स्वाभिमान पर्व विजन-2026’ के तहत क्विज प्रतियोगिता की लॉटरी से चुने गए इंदौर जिले के तीन किसान विजेताओं को पुरस्कृत किया गया।
* जितेंद्र मौर्य, देपालपुर: ट्रैक्टर के लिए 7 लाख 26 हजार रुपये का प्रमाण पत्र।
* गोपाल सिंह चौधरी, हातोद: 1 लाख 68 हजार रुपये मूल्य की बुलेट मोटरसाइकिल के लिए प्रमाण पत्र।
* शैलेन्द्र सिंह, ग्राम नैनोद: 1 लाख 20 हजार रुपये मूल्य की ई-स्कूटी के लिए प्रमाण पत्र।
इसके अलावा श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति योजना के तहत अथर्व साहे को एक लाख रुपये का प्रमाण पत्र दिया गया। मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने समारोह में मध्यप्रदेश के विकास, सड़क, सिंचाई, शिक्षा और सांस्कृतिक विरासत पर भी विचार रखे।
जल संकट की बैठक में भी नहीं पहुंचे थे कई विधायक
इंदौर में भाजपा नेताओं के बीच आपसी खींचतान की चर्चाएं पहले भी सामने आती रही हैं। इससे पहले मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने शहर में जल संकट को लेकर 15 अक्टूबर को बैठक बुलाई थी। उस बैठक में भी कई विधायक शामिल नहीं हुए थे।
जानकारी के मुताबिक, बैठक में विधायक रमेश मेंदोला, मधु वर्मा और महेंद्र हार्डिया ही पहुंचे थे। अब स्थापना दिवस के जिला स्तरीय समारोह में भी कई विधायकों की गैरमौजूदगी ने स्थानीय जनप्रतिनिधियों की भागीदारी को लेकर सवाल खड़े किए हैं।










