केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए बड़ी खबर है। केंद्रीय कैबिनेट ने उनके महंगाई भत्ते (DA) में 2% की वृद्धि को मंज़ूरी दे दी है। इस बढ़ोतरी से लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को महंगाई से राहत मिलेगी। इसके अलावा, बैठक में ₹13,000 करोड़ के सॉवरेन मैरीटाइम फंड और प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) के 2028 तक विस्तार जैसे महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर भी मुहर लगी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस दौरान महिला आरक्षण विधेयक का समर्थन न करने पर विपक्ष की कड़ी आलोचना की।
यह बढ़ोतरी केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को महंगाई से राहत प्रदान करेगी। आमतौर पर साल में दो बार, जनवरी और जुलाई में, महंगाई भत्ते में बदलाव किया जाता है। इसकी गणना औद्योगिक श्रमिकों के लिए उपभोक्ता मूल्य सूचकांक (CPI-IW) के आधार पर होती है, जिसे श्रम मंत्रालय का श्रम ब्यूरो हर महीने जारी करता है।
इस बार घोषणा में थोड़ी देरी हुई है, जिस पर केंद्रीय सरकारी कर्मचारी और श्रमिक परिसंघ (CCGEW) ने चिंता जताई थी। परिसंघ के अनुसार, घोषणा आमतौर पर सितंबर अंत तक हो जाती है और बकाया राशि का भुगतान अक्टूबर की शुरुआत में किया जाता है।
पीएम की विपक्ष को फटकार
कैबिनेट बैठक के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महिला आरक्षण विधेयक का समर्थन न करने को लेकर विपक्षी दलों पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि विपक्ष ने विधेयक का समर्थन न करके एक गंभीर गलती की है, जिसकी राजनीतिक कीमत उन्हें भविष्य में चुकानी पड़ेगी।
प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि विपक्ष का यह रवैया महिलाओं के प्रति उनकी नकारात्मक सोच को दर्शाता है और यह संदेश देश के हर गांव तक पहुंचना चाहिए। उन्होंने कहा कि बिल का विरोध करने के बाद अब विपक्षी पार्टियां अपनी स्थिति को सही ठहराने की कोशिश कर रही हैं, जबकि असल में उन्होंने देश की महिलाओं को ‘हरा’ दिया है।
सॉवरेन मैरीटाइम फंड की स्थापना
भारत के समुद्री क्षेत्र को सुरक्षित और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में कैबिनेट ने ₹13,000 करोड़ के सॉवरेन मैरीटाइम फंड की स्थापना को मंजूरी दी है। इस कोष का मुख्य उद्देश्य भारतीय ध्वज वाले जहाजों और भारत से संचालित होने वाले पोतों के लिए स्थिर और किफायती बीमा कवरेज सुनिश्चित करना है। यह कदम देश की समुद्री सुरक्षा और आत्मनिर्भरता को मजबूत करने में महत्वपूर्ण साबित होगा।
ग्रामीण सड़कों के लिए PMGSY का विस्तार
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने के लिए एक और बड़ा फैसला लिया गया। कैबिनेट ने प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना (PMGSY) को 2028 तक बढ़ाने की मंजूरी दे दी है। इसके लिए ₹3,000 करोड़ का अतिरिक्त आवंटन भी किया गया है। यह फैसला दूर-दराज के गांवों को मुख्य सड़कों से जोड़ने के काम में तेजी लाएगा और ग्रामीण विकास के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। यह योजना ग्रामीण इलाकों में कनेक्टिविटी सुधारने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती रही है।
ये सभी फैसले देश के विभिन्न वर्गों – कर्मचारियों, ग्रामीण आबादी और समुद्री क्षेत्र – को सीधे प्रभावित करेंगे और सरकार की विकास संबंधी प्राथमिकताओं को दर्शाते हैं।











