5 मासूम बच्चे डिग्गी में समा गए, गांव में पसरा मातम

राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में दर्दनाक हादसा हुआ, जिसमें एक गांव के 5 बच्चों की दिग्गी में डूबने से मौत हो गई है। हादसे के शिकार हुए बच्चों में दो लड़के और तीन लड़कियां है, इसमें दो सगे भाई है। इस हुई दर्दनाक दुर्घटना के बाद गांव में हाहाकार मचा गया।

राजस्थान के श्रीगंगानगर जिले में दर्दनाक हादसा हुआ, जिसमें एक गांव के 5 बच्चों की डिग्गी (तालाब) में डूबने से मौत हो गई है। हादसे के शिकार हुए बच्चों में दो लड़के और तीन लड़कियां है, इसमें दो सगे भाई है। इस हुई दर्दनाक दुर्घटना के बाद गांव में हाहाकार मचा गया। लेकिन अब पुलिस ने शवों को डिग्गी से निकाल लिया गया है। उन्हें पास के रामसिंहपुर अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया गया है। भारी सांख्य में ग्रामीण अस्पताल पहुंच गए है, लेकिन बहुत खतरनाक हुए हादसे से लोगों के मुंह मोन हो चुके हैं।

पुलिस के मुताबिक, यह दर्दनाक हादसा श्रीगंगानगर के अनूपगढ़ उपखंड के रामसिंहपुर थाना इलाके के गांव उदासर 5UDN में हुआ। रविवार की दोपहर खेत में बने पानी की डिग्गी में 5 मासूम बच्चों की जान चली गई है। इसकी खबर जब ग्रामीण वाशियों को पता चली तो पुरे गांव में सनसनी फैल गई। इस घटना की जानकारी पुलिस को मिली तो रामसिंहपुर थाना की पुलिस मौके का जायजा लिया और मृत शवों को रामसिंहपुर अस्पताल की मोर्चरी में रखवा दिया है।

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सभी मृत मासूम बच्चे थे एक की परिवार के

दुर्घटना में शिकार हुए कुल 5 बच्चे थे। जिसमें दो लड़के और 3 मासूम लड़कियां थी। ये सभी एक ही परिवार के है, जिसमें दो लड़के सगे भाई है तो लड़कियां ममेरे भाई-बहन है। पुरे गांव में मातम पसरा। पुलिस ने रामसिंहपुर अस्पताल में पोस्टमार्टम की कार्रवाई शुरू करवा दी है। अस्पताल में स्थानीय प्रशासनिक अधिकारी भी पहुंच गए हैं। वे हादसे की तहकीकात कर रहे है।

बच्चे इसलिए गए थे डिग्गी के पास

गौरतलब है कि, मिली जानकारी के अनुसार, रविवार को छुट्टी होने के कारण बच्चे स्कूल नहीं गए थे। खेलते खेलते खेत में बनी डिग्गी के पास पहुंच गए। वहां बच्चों ने नहाना शुरू किया दिया। उसके बाद एक-एक कर पांचों बच्चे डिग्गी के पानी में समा गए। हालांकि डूबने के दौरान बच्चों ने शोर भी मचाया लेकिन आसपास कोई भी ग्रामीण और परिजन मौजूद नहीं थे। ऐसे में बच्चों की मदद के लिए कोई नहीं पहुंच पाया। जब तक ग्रामीण और परिजन वहां पहुंचे तब तक काफी देर हो चुकी थी।