वैदिक ज्योतिष में ग्रहों के गोचर और आपस में बनने वाले शुभ योगों का विशेष महत्व होता है. 26 सितंबर 2026 की सुबह 5 बजकर 32 मिनट पर चंद्रमा जैसे ही मीन राशि में प्रवेश करेंगे, वैसे ही कर्क राशि में विराजमान देवगुरु बृहस्पति के साथ उनका एक अत्यंत शुभ और कल्याणकारी 'नवपंचम योग' बन जाएगा.
ज्योतिष शास्त्र में गुरु को ज्ञान, भाग्य, समृद्धि और संतान का कारक माना गया है, जबकि चंद्रमा मन, सुख और आर्थिक स्थिति के प्रतीक हैं. जब गुरु और चंद्रमा एक-दूसरे से पांचवें और नौवें (त्रिकोण) भाव में स्थित होते हैं, तो नवपंचम राजयोग का निर्माण होता है. यह योग जातकों के जीवन में अपार सुख-समृद्धि, बौद्धिक क्षमता में वृद्धि और अचानक धन लाभ के योग बनाता है. आइए जानते हैं कि 26 सितंबर को बनने वाले इस नवपंचम योग से किन राशियों की किस्मत चमकने वाली है.
वृषभ राशि (Taurus)
आय में जबरदस्त बढ़ोतरी और इच्छाओं की पूर्ति
कैसा रहेगा प्रभाव: चंद्रमा आपकी राशि से एकादश (आय व लाभ) भाव में संचार करेंगे.
मिलेंगे ये फायदे
आपकी दैनिक और मुख्य आय में जबरदस्त उछाल देखने को मिलेगा. आय के नए-नए स्रोत बनेंगे. विदेश से जुड़ा व्यापार करने वालों को या बहुराष्ट्रीय कंपनियों में काम करने वाले लोगों को बड़ा आर्थिक फायदा हो सकता है.
कर्क राशि (Cancer)
समाज में मान-सम्मान और व्यापार में बंपर मुनाफा
कैसा रहेगा प्रभाव: गुरु आपकी ही राशि (लग्न) में हैं और चंद्रमा आपके भाग्य (नवम) भाव में विराजमान होकर यह योग बनाएंगे.
मिलेंगे ये फायदे
गुरु और चंद्र का यह त्रिकोण संबंध आपके भाग्य को नई ऊंचाइयों पर ले जाएगा. कार्यस्थल पर आपके मान-सम्मान और पद-प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी. बिजनेस में बड़े सौदे (Deals) फाइनल हो सकते हैं, जिससे आर्थिक स्थिति काफी मजबूत होगी.
वृश्चिक राशि (Scorpio)
अचानक धन लाभ और भाग्य का पूरा साथ
कैसा रहेगा प्रभाव: चंद्रमा आपकी राशि से पंचम भाव में रहेंगे और गुरु आपके भाग्य (नवम) भाव में विराजमान हैं.
मिलेंगे ये फायदे
शेयर बाजार, पुराने निवेश या पैतृक संपत्ति से अप्रत्याशित धन लाभ हो सकता है. रचनात्मक और शैक्षणिक कार्यों से जुड़े लोगों को बड़ी पहचान मिलेगी. परिवार के साथ धार्मिक यात्रा के योग बन रहे हैं और मन प्रसन्न रहेगा.
मीन राशि (Pisces)
मानसिक शांति और करियर में बड़ी छलांग
कैसा रहेगा प्रभाव: चंद्रमा आपकी ही राशि (प्रथम भाव) में गोचर करेंगे और गुरु आपके पंचम (बुद्धि व संतान) भाव से नवपंचम संबंध बनाएंगे.
मिलेंगे ये फायदे
आपके लंबे समय से अटके हुए काम तेजी से पूरे होंगे. मानसिक तनाव दूर होगा और निर्णय लेने की क्षमता मजबूत होगी. जो छात्र उच्च शिक्षा या प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं, उन्हें कोई बड़ी खुशखबरी मिल सकती है.
नवपंचम योग के शुभ प्रभाव बढ़ाने के आसान उपाय
– 26 सितंबर को पूर्णिमा तिथि भी है, इसलिए सुबह स्नान के बाद भगवान सत्यनारायण या श्री हरि विष्णु की पूजा करें और पीले फल/मिष्ठान का भोग लगाएं.
– "ऊं बृं बृहस्पतये नमः" और "ऊं सोमाय नमः" मंत्रों का 108 बार जाप करें.
– किसी जरूरतमंद को चने की दाल, हल्दी, या पीले वस्त्र का दान करना शुभ फलदाई रहेगा.










