1 अक्टूबर से बिना Biometric e-KYC नहीं मिलेगा Subsidised LPG Refill, सरकार ने जारी किया नया नियम

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By EditorPublished On: September 20, 2026

नई दिल्ली
 पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय ने सब्सिडी वाले घरेलू एलपीजी (LPG) रिफिल के लिए बायोमेट्रिक आधार प्रमाणीकरण (Biometric Aadhaar Authentication – BAA) को अनिवार्य करने की घोषणा की है। यह नियम 1 अक्टूबर से लागू होगा। मंत्रालय के अनुसार, इस प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य फर्जी और दोहराए गए कनेक्शनों को खत्म करना है ताकि सब्सिडी का लाभ केवल वास्तविक और जरूरतमंद परिवारों तक ही पहुंचे।

89.9 प्रतिशत उपभोक्ता करा चुके हैं ऑथेंटिकेशन
मंत्रालय द्वारा जारी आंकड़ों के मुताबिक, देश के लगभग 27.43 करोड़ उपभोक्ता (89.9 प्रतिशत) पहले ही अपना बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन पूरा करा चुके हैं। जिन लोगों ने यह प्रक्रिया पहले ही पूरी कर ली है, उन्हें दोबारा कुछ भी करने की आवश्यकता नहीं है और उनकी सिलेंडर बुकिंग पहले की तरह जारी रहेगी।

1 अक्टूबर से क्या बदलेगा?
जिन्होंने ऑथेंटिकेशन करा लिया है, उनके लिए प्रक्रिया पहले जैसी ही रहेगी और वे रियायती दर पर सिलेंडर बुक कर सकेंगे। वहीं, जिन्होंने ऑथेंटिकेशन नहीं कराया है, उनके लिए सब्सिडी वाली तय दर (आरएसपी) पर सिलेंडर बुकिंग ऑथेंटिकेशन पूरा होने के बाद ही संभव हो पाएगी।

ऑथेंटिकेशन पूरा करने के आसान तरीके
उपभोक्ता निम्नलिखित तीन में से किसी भी तरीके से अपना बायोमेट्रिक ऑथेंटिकेशन पूरा कर सकते हैं…

    सिलेंडर डिलीवरी के समय: डिलीवरी बॉय मोबाइल ऐप के जरिए मौके पर ही ऑथेंटिकेशन पूरा कर सकता है।
    डिस्ट्रिब्यूटर के शोरूम पर: उपभोक्ता सीधे अपने एलपीजी वितरक (एजेंसी) के शोरूम पर जाकर बायोमेट्रिक वेरिफिकेशन करा सकते हैं।
    ओएमसी के मोबाइल ऐप द्वारा: उपभोक्ता घर बैठे कंपनियों के आधिकारिक ऐप के माध्यम से खुद भी e-KYC कर सकते हैं…

    इंडेन (Indane) ग्राहक: IndianOil ONE ऐप
    भारतगैस (Bharatgas) ग्राहक: HelloBPCL ऐप
    एचपी गैस (HP Gas) ग्राहक: HP PAY ऐप

सरकार ने स्पष्ट किया है कि इस व्यवस्था का उद्देश्य किसी भी वास्तविक लाभार्थी को एलपीजी सेवा से वंचित करना नहीं, बल्कि प्रक्रिया को पारदर्शी और सुरक्षित बनाना है।