रीवा
मध्य प्रदेश में नशे के खिलाफ मुख्यमंत्री मोहन यादव की सरकार सख्त दिखाई दे रही है. प्रदेश के उप मुख्यमंत्री ने स्थानीय राजनिवास में हाई लेवल मीटिंग बुलाई, जिसमें कलेक्टर नरेन्द्र कुमार सूर्यवंशी, आईजी गौरव राजपूत, एसपी गुरकरण सिंह सहित अन्य तमाम आला अधिकारी उपस्थित रहे।
इस दौरान उप मुख्यमंत्री ने नशे के कारोबार में शामिला व्यक्तियों, उत्पादक और सप्लायरों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करने के लिए अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए. महत्त्वपूर्ण मीटिंग के बाद उप मुख्यमंत्री मंत्री राजेंद्र शुक्ला ने पत्रकारों से चर्चा की. उन्होंने कहा कि हम विकास की रफ्तार में नशे का ग्रहण नहीं लगने देंगे।
उप मुख्यमंत्री की हाई लेवल मीटिंग
मध्य प्रदेश के उप मुख्यमंत्री, स्वास्थ और चिकत्सा शिक्षा मंत्री राजेंद्र शुक्ला ने आयोजित बैठक में नशामुक्त भारत अभियान की समीक्षा की, उन्होंने कहा कि नशे के कारोबार में लिप्त व्यक्तियों पर पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है. अवैध नशीले पदार्थों के उत्पादक और सप्लायर पर भी कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए. नशे के सौदागरों पर कड़ी कार्रवाई के साथ-साथ नशे से पीड़ित व्यक्तियों के पुनर्वास पर भी ध्यान देना आवश्यक है. नशामुक्ति केंद्रों को सक्रिय करके इनके माध्यम से नशे से पीड़ितों का समुचित पुनर्वास करें. उन्होंने कलेक्टर को निर्देश दिए कि नशे के शिकार व्यक्तियों की सूची बनाकर उन्हें नशामुक्ति केंद्रों में समुचित उपचार की व्यवस्था सुनिश्चित करें।
नशे से निरर्थक हो जाएगा विकास
उप मुख्यमंत्री ने कहा, '' रीवा और पूरा विंध्य लगातार विकास की उंची उड़ान भर रहा है. कृषि, व्यापार और उद्योग में वृद्धि होने से लोगों की आमदनी बढ़ी है. अधोसंरचना विकास के कार्य क्षेत्र के विकास को गति दे रहे हैं. ऐसे में अगर युवा पीढ़ी कोरेक्स और अन्य नशीले पदार्थों की गिरफ्त में आ गई तो हर तरह का विकास निरर्थक हो जाएगा।
गृहमंत्री अमित शाह के संकल्प पर जोर
उप मुख्यमंत्री ने अधिकारियो को निर्देशित करते हुए कहा, " गृहमंत्री अमित शाह ने 2029 तक देश को नशे से मुक्त करने का संकल्प लिया है. इसके लिए समन्वय के साथ कार्ययोजना बनाएं और लगातार कार्रवाई करें.नशामुक्त भारत अभियान में स्वयंसेवी संस्थाओं, जनप्रतिनिधियों तथा आम जनता को भी भागीदार बनाएं।
1615 आरोपी सलाखों के पीछे पहुंचे
आयोजित बैठक में रीवा जोन के IG गौरव राजपूत ने कहा, " रीवा संभाग में पिछले 18 महीनों में एमडी ड्रग्स, हेरोइन, कोरेक्स, गांजा और अवैध शराब जैसे नशीले पदार्थों के विरूद्ध लगातार कार्रवाई की गई है. इस दौरान अब तक 1615 नशे के सौदागरों को जेल भेजा गया है. इन नशे के सौदागरों के पास से 5535 किलो 931 ग्राम गांजा, 97665 शीशी कोरेक्स, 413310 नग नशील टैबलेट कैप्सूल और 450 अफीम के हरे पेड़ जब्त किए गए हैं।








