MP Weather: मध्यप्रदेश इन दिनों कड़ाके की ठंड और घने कोहरे की चपेट में है। प्रदेश के अधिकांश जिलों में सुबह के समय घनी धुंध छा जाने से दृश्यता बेहद सीमित हो गई है। कई क्षेत्रों में स्थिति ऐसी है कि 20 मीटर दूर तक देख पाना भी कठिन हो रहा है। कोहरे के साथ चल रही शीतलहर ने आम जनजीवन को प्रभावित किया है।
ठंड का असर तापमान में भी स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। शहडोल जिले के कल्याणपुर में न्यूनतम तापमान 3.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जबकि दतिया में पारा 4.4 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया। राजगढ़ और खजुराहो में 5.4 डिग्री, मुरैना व मलाजखंड में 5.5 डिग्री, उमरिया में 5.7 डिग्री तथा मंडला और पचमढ़ी में 5.8 डिग्री न्यूनतम तापमान रिकॉर्ड किया गया।
पहाड़ी और वन क्षेत्रों में ठंडी हवाओं के कारण सर्दी का प्रभाव अधिक महसूस किया जा रहा है। वहीं राजधानी भोपाल सहित प्रदेश के प्रमुख शहर भी ठंड की चपेट में रहे। भोपाल में न्यूनतम तापमान 6.8 डिग्री, ग्वालियर में 6.4 डिग्री, इंदौर में 8.6 डिग्री, उज्जैन में 9.5 डिग्री और जबलपुर में 9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।
रेल और सड़क यातायात प्रभावित
घने कोहरे का प्रभाव यातायात व्यवस्था पर भी स्पष्ट रूप से दिखाई दे रहा है। दिल्ली से मध्यप्रदेश की ओर आने वाली कई रेलगाड़ियां अपने तय समय से 2 से 3 घंटे की देरी से पहुंच रही हैं। मालवा एक्सप्रेस, सचखंड एक्सप्रेस और शताब्दी एक्सप्रेस सहित कई प्रमुख ट्रेनों के संचालन पर भी असर पड़ा है। वहीं सड़कों पर वाहनों की गति धीमी बनी हुई है, जिससे विशेषकर सुबह के समय दुर्घटनाओं की आशंका बढ़ गई है।
कोहरे से कमजोर पड़ी धूप, दिनभर रही ठंड
लगातार छाए कोहरे के कारण दिन के समय धूप की तीव्रता कम बनी रही, जिससे पूरे दिन ठंड का असर बरकरार रहा। कड़ाके की सर्दी और कम दृश्यता को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने 24 जिलों में नर्सरी से आठवीं कक्षा तक के स्कूलों में अवकाश घोषित किया है। वहीं भोपाल, सीहोर, धार और अनूपपुर सहित कुछ जिलों में विद्यालयों के संचालन समय में बदलाव किया गया है, ताकि बच्चों को सुबह की भीषण ठंड से राहत मिल सके।









