मध्यप्रदेश में बिछेगी नई रेल लाइन, 16 हजार 403 करोड़ रुपए होंगे खर्च, मोदी कैबिनेट ने दी मंजूरी

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By Raj RathorePublished On: May 6, 2026
Nagda Mathura Rail Line

Nagda Mathura Rail Line : नरेंद्र मोदी सरकार ने देश के रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाते हुए नागदा-मथुरा रेल लाइन परियोजना को मंजूरी दे दी है। केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में इस महत्वाकांक्षी परियोजना को हरी झंडी मिलने के बाद अब मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश और राजस्थान के बीच रेलवे कनेक्टिविटी और मजबूत होने जा रही है।

केंद्र सरकार द्वारा मंजूर की गई इस परियोजना की कुल लागत करीब 16,403 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इसके तहत नागदा से मथुरा के बीच तीसरी और चौथी रेल लाइन बिछाई जाएगी। लगभग 570 किलोमीटर लंबी यह परियोजना दिल्ली-मुंबई रेल कॉरिडोर के सबसे व्यस्त हिस्सों में से एक को नई क्षमता प्रदान करेगी।

MP, UP और राजस्थान को होगा बड़ा फायदा

यह नई रेल लाइन मध्य प्रदेश के नागदा, राजस्थान के कोटा और भरतपुर होते हुए उत्तर प्रदेश के मथुरा तक जाएगी। फिलहाल इस रूट पर केवल दो लाइनें होने के कारण यात्री ट्रेनों और मालगाड़ियों दोनों पर भारी दबाव रहता है। नई लाइनें बनने के बाद ट्रैफिक का दबाव कम होगा और ट्रेनों की आवाजाही अधिक सुगम हो सकेगी।

83 लाख आबादी को मिलेगा सीधा लाभ

इस परियोजना से तीनों राज्यों के करीब 4,161 गांवों और लगभग 83 लाख लोगों को फायदा पहुंचने की उम्मीद है। रेलवे मंत्रालय के अनुसार नई लाइन बनने से यात्रा का समय कम होगा, ट्रेनों की औसत गति बढ़ेगी और माल परिवहन भी अधिक तेज और प्रभावी हो सकेगा।

नई रेल लाइन को माल परिवहन के लिहाज से भी बेहद अहम माना जा रहा है। इससे कोयला, सीमेंट, खाद्यान्न और पेट्रोलियम उत्पादों की ढुलाई आसान होगी। उद्योगों को बेहतर लॉजिस्टिक्स सुविधा मिलने से आर्थिक गतिविधियों को भी मजबूती मिलेगी।

पर्यटन को भी मिलेगा बढ़ावा

नागदा-मथुरा रेल लाइन कई प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों से होकर गुजरती है। ऐसे में इस परियोजना के पूरा होने के बाद पर्यटन क्षेत्र को भी नई गति मिलने की संभावना जताई जा रही है। रेलवे कनेक्टिविटी मजबूत होने से यात्रियों को बेहतर सुविधा और तेज सफर का अनुभव मिलेगा।

केंद्रीय कैबिनेट ने इस परियोजना को 2030-31 तक पूरा करने का लक्ष्य तय किया है। परियोजना को मंजूरी मिलने के बाद अब जल्द ही निर्माण कार्य को गति दी जाएगी।

दिल्ली-मुंबई रूट को मिलेगी नई ताकत

यह रेल लाइन देश के सबसे महत्वपूर्ण दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर का हिस्सा मानी जा रही है। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक तीसरी और चौथी लाइन बनने से ट्रेनों की भीड़ कम होगी और इस रूट पर संचालन क्षमता में बड़ा इजाफा होगा।