मध्य प्रदेश के गुना जिले में नकद राशि की बरामदगी मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक अंकित सोनी को उनके पद से तत्काल प्रभाव से हटा दिया गया है। मुख्यमंत्री मोहन यादव ने पुलिस अधीक्षक की भूमिका को असंतोषजनक बताते हुए यह निर्देश जारी किए।
मामला हाल ही में गुना जिले में एक तलाशी अभियान के दौरान बड़ी मात्रा में नकद राशि मिलने से जुड़ा है। जांच में सामने आया कि पुलिस अधीक्षक की भूमिका संतोषजनक नहीं रही। इसी के चलते राज्य सरकार ने यह बड़ा प्रशासनिक फैसला लिया है।
प्रशासनिक सख्ती और जवाबदेही
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने स्पष्ट किया कि प्रशासनिक शिथिलता, लापरवाही या किसी भी स्तर की अनियमितता को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार जवाबदेही सुनिश्चित करने के लिए लगातार कठोरतम कार्रवाई कर रही है।
गुना जिले में तलाशी में मिली नक़द राशि के प्रकरण में पुलिस अधीक्षक की भूमिका को यथोचित न मानते हुए तत्काल प्रभाव से जिला पुलिस अधीक्षक, गुना अंकित सोनी को हटाने के निर्देश दिए हैं।
प्रशासनिक शिथिलता, लापरवाही अथवा अनियमितता किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी। जवाबदेही…
— Dr Mohan Yadav (@DrMohanYadav51) March 22, 2026
सरकार का अगला कदम
सरकार ने संकेत दिया है कि भविष्य में भी ऐसी घटनाओं में दोषियों के खिलाफ कार्रवाई जारी रहेगी। प्रशासनिक जवाबदेही को प्राथमिकता देते हुए अधिकारियों पर नजर रखी जा रही है। इस घटनाक्रम के बाद जिला पुलिस प्रशासन में हलचल है और अन्य अधिकारियों को भी सतर्कता बरतने के निर्देश दिए गए हैं।











