इंदौर के छावनी क्षेत्र में नगर निगम की अतिक्रमण कार्रवाई के बाद रहवासियों का विरोध अब शहरभर में चर्चा का विषय बन गया है। विरोध प्रदर्शन का अनोखा तरीका अपनाते हुए लोगों ने अपने टूटे हुए मकानों पर तंज भरे बैनर और पोस्टर लगा दिए हैं, जो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहे हैं।
एक मकान के बाहर लगाए गए बैनर में लिखा गया, “छावनी की बर्बादी का तमाशा देखने वालों आपका स्वागत है, आज हमारी तो कल तुम्हारी बारी है।” इस पोस्टर ने लोगों का खास ध्यान खींचा और कार्रवाई को लेकर रहवासियों की नाराजगी साफ नजर आई।
“जीवित छोड़ देने के लिए धन्यवाद नगर निगम”
क्षेत्र में एक अन्य घर के बाहर लगे पोस्टर ने भी लोगों को सोचने पर मजबूर कर दिया। इस बैनर पर लिखा था, “जीवित छोड़ देने के लिए धन्यवाद नगर निगम।” यह पोस्टर रहवासी डॉ. कपिल दीक्षित ने लगाया है, जो कार्रवाई के दौरान घायल हो गए थे।
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डॉ. कपिल दीक्षित ने बताया कि अतिक्रमण हटाने के दौरान मौके पर कोई स्पष्ट दिशा-निर्देश देने वाला अधिकारी मौजूद नहीं था। इसी दौरान जेसीबी की टक्कर से एक पोल गिर गया, जिससे वह घायल हो गए। उन्होंने बताया कि उनकी सर्जरी भी हुई है और इसी वजह से उन्होंने व्यंग्यात्मक तरीके से निगम को धन्यवाद देते हुए पोस्टर लगाया।
200 से ज्यादा मकानों पर हुई कार्रवाई
नगर निगम द्वारा छावनी क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण के लिए करीब 200 से अधिक मकानों पर कार्रवाई की गई। बताया जा रहा है कि इस इलाके में सड़क को लगभग 80 फीट चौड़ा करने की योजना है।
रहवासियों का आरोप है कि पहले सड़क की चौड़ाई 60 फीट प्रस्तावित थी, लेकिन बाद में अचानक इसे 80 फीट करने का निर्णय लिया गया, जिसके कारण कई लोगों के पुश्तैनी मकान भी तोड़ दिए गए।
रहवासियों ने लगाए आरोप
स्थानीय लोगों का कहना है कि नगर निगम ने कार्रवाई में भेदभावपूर्ण रवैया अपनाया है। उनका आरोप है कि बिना पर्याप्त संवाद और वैकल्पिक व्यवस्था के मकान तोड़े गए, जिससे कई परिवार प्रभावित हुए हैं।
विरोध में लगाए गए पोस्टर और बैनरों के जरिए रहवासी प्रशासन तक अपना गुस्सा और दर्द पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं।











