लाड़ली बहना योजना बंद कराना है क्या? भाजपा विधायक मीना सिंह ने महिलाओं को दी धमकी, देखें वीडियो

Author Picture
By Raj RathorePublished On: July 7, 2026
Meena Singh MLA Viral Video

मध्य प्रदेश के उमरिया जिले से भाजपा विधायक एवं पूर्व मंत्री मीना सिंह का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। करीब 10 सेकंड की इस वायरल क्लिप में वह मंच से ‘भारत माता की जय’ के नारे लगवाती हुई दिखाई दे रही हैं।

इसी दौरान सामने बैठी कुछ महिलाओं के नारा नहीं लगाने पर उन्होंने उनकी ओर इशारा करते हुए कहा, “महिलाएं क्यों नहीं बोलीं… लाडली बहना योजना बंद करना है क्या?” उनके इस बयान को लेकर सोशल मीडिया पर बहस शुरू हो गई है।

बताया जा रहा है कि यह वीडियो 6 जून का है, जब ग्राम पंचायत कुदरी नंबर-02 में अटल सेवा सदन के लोकार्पण कार्यक्रम का आयोजन किया गया था। कार्यक्रम में मीना सिंह मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुई थीं। कार्यक्रम में उन्हें मानपुर विधानसभा क्षेत्र की विधायक एवं पूर्व कैबिनेट मंत्री के तौर में आमंत्रित किया गया था।

छोटी वीडियो पर छिड़ी बड़ी बहस

वायरल वीडियो की अवधि महज 10 सेकंड है। इस छोटे से वीडियो के आधार पर सोशल मीडिया पर अलग-अलग तरह की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं। कुछ लोग इसे राष्ट्रभक्ति के समर्थन में कही गई सामान्य टिप्पणी बता रहे हैं, जबकि कई लोगों ने लाडली बहना योजना का उल्लेख किए जाने पर सवाल उठाए हैं।

हालांकि वायरल हो रही क्लिप अधूरी है और कार्यक्रम का पूरा वीडियो अब तक सामने नहीं आया है। ऐसे में यह स्पष्ट नहीं हो सका है कि मीना सिंह ने यह टिप्पणी किस संदर्भ में की थी। वीडियो के आगे और पीछे की परिस्थितियां सामने नहीं आने के कारण सोशल मीडिया पर विभिन्न तरह के कयास लगाए जा रहे हैं।

पहले भी सुर्खियों में रह चुकी हैं मीना सिंह

यह पहला मौका नहीं है जब मीना सिंह का कोई बयान चर्चा में आया हो। इससे पहले मुख्यमंत्री सामूहिक विवाह योजना के एक कार्यक्रम में, जब वह जनजातीय कार्य मंत्री थीं, तब उन्होंने नवविवाहित जोड़ों को दिए जा रहे आभूषणों की गुणवत्ता और कीमत पर सवाल उठाए थे।

मानपुर जनपद पंचायत में आयोजित सामूहिक विवाह समारोह में उन्होंने मंच से कहा था कि लाभार्थियों को दिए जा रहे जेवरों की वास्तविक कीमत तय राशि से काफी कम है। इसके बाद उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाते हुए आभूषण वापस लेकर प्रत्येक जोड़े को निर्धारित राशि नकद देने के निर्देश दिए थे। उस समय भी उनका बयान और कार्रवाई काफी चर्चा में रही थी।