उदयपुर में BJP के प्रमोद सामर जीते, सलूंबर में बोर्ड बनाने के करीब पहुंची भाजपा

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By EditorPublished On: September 14, 2026

 उदयपुर
उदयपुर नगर निगम चुनाव की मतगणना सूरजपोल स्थित राजस्थान कृषि महाविद्यालय (RCA) में सुबह 8 बजे से कड़ी सुरक्षा के बीच जारी है। 80 वार्डों के 220 प्रत्याशियों के भाग्य का फैसला आज हो रहा है। शुरुआती दौर में सबसे पहले डाक मतपत्रों की गणना की गई। निगम के सभी 80 वार्डों की मतों की गिनती के लिए 5 अलग-अलग गणना कक्ष बनाए गए हैं, जहां अधिकतम 8 टेबल पर तेजी से गिनती चल रही है।

चुनाव के शुरुआती रुझानों और परिणामों में बड़े उलटफेर और कड़े मुकाबले देखने को मिल रहे हैं। महापौर पद के लिए भाजपा के सबसे प्रबल दावेदार प्रमोद सामर ने वार्ड नंबर 51 से शानदार जीत हासिल की है। उन्होंने अपने निकटतम प्रतिद्वंद्वी कांग्रेस के गजेंद्र सिंह को शिकस्त दी। वहीं दूसरी ओर, वार्ड 17 से कांग्रेस के शहर जिला अध्यक्ष फतेह सिंह राठौर की पत्नी पूनम कंवर (डॉ. पूनम राठौड़) ने जीत का परचम लहराया है।

अब तक घोषित प्रमुख परिणामों में भाजपा के जतिन श्रीमाली (वार्ड 33) और दीपक नागदा (वार्ड 49) विजयी रहे हैं। वहीं कांग्रेस के संजय शर्मा (वार्ड 1), हर्षवर्धन सिंह केलावत (वार्ड 2) और किशन गमेती (वार्ड 65) ने अपने-अपने वार्डों में जीत दर्ज की है। मतगणना स्थल के बाहर समर्थकों का जमावड़ा लगा हुआ है और अंतिम नतीजों की घोषणा जल्द होने की उम्मीद है।

प्रतापगढ़: धरियावद में भाजपा-कांग्रेस बराबरी पर, सलूंबर में भाजपा बोर्ड की संभावना
धरियावद नगर पालिका चुनाव में भाजपा और कांग्रेस के बीच कांटे का मुकाबला देखने को मिला। कुल 20 सीटों में से भाजपा ने 10 और कांग्रेस ने भी 10 सीटों पर जीत दर्ज की। ऐसे में दोनों दल बराबर सीटों पर हैं और मुकाबला टाई हो गया है। अब बोर्ड गठन को लेकर निर्दलीय या अन्य समीकरण महत्वपूर्ण होंगे।

वहीं, सलूंबर नगर परिषद के 25 वार्डों के चुनाव परिणाम में भाजपा सबसे बड़ी पार्टी बनकर सामने आई है। भाजपा ने 12 सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि कांग्रेस को 11 सीटें मिली हैं। इसके अलावा एक सीट पर निर्दलीय और एक सीट पर बीएपी प्रत्याशी विजयी हुआ है।

सलूंबर में किसी भी दल को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला है, लेकिन निर्दलीय विजेता को भाजपा समर्थक माना जा रहा है। ऐसे में यदि निर्दलीय पार्षद भाजपा के साथ जाता है तो भाजपा के पास 13 पार्षदों का समर्थन हो सकता है। इस स्थिति में भाजपा के बोर्ड बनाने की संभावना मजबूत हो गई है।