Rajasthan Panchayat Election 2026: 13 अक्टूबर से शुरू होगी वोटिंग, 4 चरणों में पूरा होगा चुनाव

Author Picture
By EditorPublished On: October 3, 2026

जयपुर
 राजस्थान में निकाय चुनाव की प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब पंचायत चुनाव का ऐलान हो गया है। राज्य निर्वाचन आयोग ने पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव कार्यक्रम का पूरा शेड्यूल जारी कर दिया है। राज्य निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह ने मीडिया से रूबरू होकर पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव का पूरा शेड्यूल जारी किया। चुनाव की तिथियों का ऐलान होने के साथ ही आचार संहिता लागू हो गई है। अगले दो महीने तक चुनावी प्रक्रिया पूरी होने तक आचार संहिता प्रभावी रहेगी।

नामांकन 8 अक्टूबर से
मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजेश्वर सिंह ने बताया कि पंच सरपंच और जिला परिषद सदस्यों के लिए 8 अक्टूबर से नामांकन प्रक्रिया शुरू होगी। नामांकन दाखिल करने की अंतिम तिथि 13 अक्टूबर है। 15 अक्टूबर तक नामांकन वापस लिए जा सकेंगे। जिला प्रमुख के चुनाव 25 नवंबर को होंगे। पंचायती राज संस्थाओं की चुनावी प्रक्रिया 28 नवंबर को पूरी हो जाएगी।

जिला परिषद एवं पंचायत समिति सदस्य चुनाव कार्यक्रम

चरण / प्रक्रियाअधिसूचना (Notification)नामांकन अंतिम तिथिनाम वापसी व प्रतीक आवंटनमतदान तिथि (सुबह 7 से शाम 6 बजे)
प्रथम चरण08.10.2026 (गुरुवार)13.10.2026 (दोपहर 3 बजे)15.10.202623.10.2026 (शुक्रवार)
द्वितीय चरण13.10.2026 (मंगलवार)16.10.2026 (दोपहर 3 बजे)19.10.202629.10.2026 (गुरुवार)
तृतीय चरण19.10.2026 (सोमवार)23.10.2026 (दोपहर 3 बजे)26.10.202604.11.2026 (बुधवार)
चतुर्थ चरण31.10.2026 (शनिवार)04.11.2026 (दोपहर 3 बजे)06.11.202614.11.2026 (शनिवार)

 

पंच एवं सरपंच चुनाव कार्यक्रम (बैलेट पेपर से)

चरणअधिसूचनानामांकन, जांच व प्रतीक आवंटनमतदान व मतगणना तिथिउपसरपंच चुनाव
प्रथम चरण08.10.202624.10.2026 (सुबह 11 से दोपहर 3 बजे)25.10.2026 (रविवार)26.10.2026
द्वितीय चरण13.10.202630.10.2026 (सुबह 11 से दोपहर 3 बजे)31.10.2026 (शनिवार)01.11.2026
तृतीय चरण19.10.202605.11.2026 (सुबह 11 से दोपहर 3 बजे)06.11.2026 (शुक्रवार)07.11.2026
चतुर्थ चरण31.10.202615.11.2026 (सुबह 11 से दोपहर 3 बजे)16.11.2026 (सोमवार)17.11.2026

सरपंच और पंच पद की मतगणना मतदान समाप्त होने के तुरंत बाद उसी दिन होगी।

Playing Picture-in-picture

Diwali Special Train 2026: दिवाली पर मिलेगा कंफर्म टिकट, रेलवे ने 10 स्पेशल ट्रेन की शुरू

मतगणना एवं शीर्ष पदों के चुनाव की तिथियां

  • जिला परिषद व पंचायत समिति मतगणना: 20 नवंबर 2026 (शुक्रवार) प्रातः 8:00 बजे से
  • प्रधान का चुनाव: 25 नवंबर 2026 (बुधवार)
  • उप प्रधान का चुनाव: 26 नवंबर 2026 (गुरुवार)
  • जिला प्रमुख का चुनाव: 27 नवंबर 2026 (शुक्रवार)
  • उप जिला प्रमुख का चुनाव: 28 नवंबर 2026 (शनिवार)
  • इसी के साथ चुनावी प्रक्रिया संपन्न होगी

 

महिला आरक्षण और वर्गवार समीकरण 

पंचायती राज संस्थाओं में 50 प्रतिशत महिला आरक्षण लागू होने से ग्रामीण निकायों में महिलाओं की बड़ी भागीदारी रहेगी।

  • महिला सरपंच: कुल 14,403 ग्राम पंचायतों में से 7,201 ग्राम पंचायतों में महिलाएं सरपंच बनेंगी।
  • महिला वार्ड पंच: 1,30,584 वार्डों में से 65,000 से अधिक वार्ड पंच महिलाएं होंगी।
  • महिला प्रमुख व प्रधान: 41 जिलों में से 20 जिलों में महिला जिला प्रमुख और 457 पंचायत समितियों में से 227 महिला प्रधान चुनी जाएंगी।
  • एसटी आरक्षित जिले: बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और सलूंबर जिलों में सरपंच के सभी पद अनुसूचित जनजाति (ST) वर्ग के लिए आरक्षित हैं।
  • वर्गवार सरपंच पद आरक्षण: ST – 3,058 | SC – 2,493 | OBC – 1,961 पद।
  • मुख्य बिंदु और चुनाव आयोग के दिशा-निर्देश
  • मतदाता संख्या: कुल मतदाता संख्या में 2.08 करोड़ पुरुष मतदाता शामिल हैं। जयपुर जिला परिषद में सबसे अधिक, जबकि जैसलमेर में सबसे कम मतदाता हैं। खंडेला सबसे बड़ी पंचायत समिति है।
  • मतदान केंद्र व स्टाफ: कुल 45,384 मतदान केंद्रों पर 3.17 लाख कर्मचारी चुनाव संपन्न कराएंगे। बुजुर्ग और दिव्यांग वोटरों के लिए घर से लाने-ले जाने की व्यवस्था होगी।
  • पहचान पत्र: मतदान के लिए मतदाता पहचान पत्र (EPIC) के अलावा 11 वैकल्पिक दस्तावेज़ मान्य होंगे।
  • चुनावी खर्च सीमा: जिला परिषद सदस्य हेतु रुपये 3 लाख, पंचायत समिति सदस्य हेतु रुपये 1.50 लाख तथा सरपंच पद हेतु रुपये 1 लाख की खर्च सीमा तय की गई है।
  • कड़े नियम: नामांकन के दौरान रैली निकालने और जीत के बाद विजय जुलूस निकालने पर पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। सरकारी स्तर पर नए कार्यादेश जारी करने पर रोक रहेगी।

 

महिलाओं को 50 फीसदी आरक्षण
निकाय चुनाव में महिलाओं को 33 फीसदी आरक्षण मिला था जबकि पंचायती राज संस्थाओं में 50 फीसदी आरक्षण का नियम है। ऐसे में गांव की सरकार में महिलाओं का बोलबाला होगा। वार्ड पंच, सरपंच, उप सरपंच, प्रधान और प्रमुख की कुर्सियों में ज्यादातर जगह महिलाएं ही नजर आने वाली है क्योंकि उन्हें 50 फीसदी आरक्षण प्राप्त है और कई अन्य ग्राम पंचायतों और जिलों में भी महिलाओं नेत्रियां राजनीति में सक्रिय हैं। वे भी चुनाव मैदान में उतरने वाली हैं।

7201 गांवों में महिलाएं बनेंगी सरपंच
प्रदेश में कुल 14,403 ग्राम पंचायतें हैं जहां सरपंच और उपसरपंच के चुनाव होने हैं। पंचायती राज संस्थानों में महिलाओं के लिए 50 फीसदी आरक्षण का नियम लागू है। ऐसे में 14,403 में से 7201 ग्राम पंचायतों में महिलाएं सरपंच बनने वाली हैं। इन ग्राम पंचायतों में कुल 1 लाख 30 हजार 584 वार्ड हैं जहां पंच चुने जाएंगे। आरक्षण के हिसाब से करीब 65 हजार से ज्यादा महिलाएं वार्ड पंच बनने वाली हैं।

20 जिलों में प्रमुख बनेंगी महिलाएं
राजस्थान में कुल 41 जिले हैं। इनमें से 20 जिलों में महिलाएं जिला प्रमुख बनेंगी। जिला परिषद सदस्यों के कुल 1,403 पदों पर और पंचायत समिति के सदस्य के 8,245 पदों पर चुनाव होने हैं। आरक्षण व्यवस्था के मुताबिक जिस तरह से 20 जिलों में महिलाएं प्रमुख बनेंगी। उसी तरह 457 प्रधानों में से 227 पंचायतों में महिला प्रधान बनेंगी।

4 जिलों में सरपंच के सभी पद एसटी वर्ग के लिए आरक्षित
पंचायती राज संस्थाओं के चुनाव में महिलाओं के साथ अन्य वर्गों को आरक्षण प्राप्त है। सरपंचों के कुल पदों में से अनुसूचित जनजाति वर्ग के लिए 3058, अनुसूचित जाति वर्ग के लिए 2,493 और अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए 1,961 पद आरक्षित हैं। इसी तरह से वार्ड पंचों के कुल पदों में से 21,962 पद एससी, 19,117 पद एसटी और करीब 15 हजार पद ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षित हैं। बांसवाड़ा, डूंगरपुर, प्रतापगढ़ और सलूंबर ऐसे जिले हैं जहां सरपंच के सभी पद एसटी वर्ग के लिए आरक्षित है।