पंचायत चुनाव से पहले आरक्षण तय, 457 प्रधान और 8245 पंचायत समिति सदस्यों की लॉटरी

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By EditorPublished On: September 24, 2026

जयपुर
नगरीय निकाय चुनाव के बाद अब पंचायतों में भी आरक्षण की लॉटरी निकलते ही गांवों में सियासी पारा चढ़ गया है। जिला प्रमुख के 41 पदों के बाद बुधवार को जिला मुख्यालयों पर 1403 जिला परिषद सदस्य, 457 प्रधान व 8245 पंचायत समिति सदस्यों के पदों के संबंध में आरक्षण लॉटरी निकाली गई। इसके साथ ही स्पष्ट हो गया कि राजस्थान में 221 महिलाएं प्रधान बनेंगी। इनमें जयपुर-जोधपुर जिलों में संख्या सबसे ज्यादा रही है। 4 जिलों में केवल एसटी कैटेगरी में प्रधान होगा।

जिला मुख्यालयों पर बुधवार को निकाली गई लॉटरी के आधार पर पंचायत समिति प्रधानों में एससी के 79, एसटी के 93 और ओबीसी के लिए करीब 56 पद आरक्षित किए गए है। जिलेवार जानकारी के अनुसार जयपुर की 22 पंचायत समितियों में 1 महिला प्रधान बन सकेंगी। उदयपुर में 20 पंचायत समितियों में से एक में भी ओबीसी वर्ग का प्रधान नहीं होगा इनके अलावा डूंगरपुर, बांसवाड़ा सलूंबर और प्रतापगढ़ जिलों में केवल एसटी वर्ग से ही प्रधान बनेंगे।

14 हजार 403 सरंपच चुने जाएंगे
पंचायती राज संस्थाओं के जिला परिषद, पंचायत समिति एवं ग्राम पंचायत स्तर पर कुल 1.51 लाख से अधिक वार्ड हैं और 14 हजार 403 ग्राम पंचायतों के लिए सरपंचों का चुनाव होगा। पंचायती राज संस्थाओं मैं महिलाओं के लिए 50 प्रतिशत आरक्षण होने के कारण इन संस्थाओं में 75 हजार से अधिक महिलाओं का चुनाव भी किया जाएग। इनके अलावा 1403 जिला परिषद सदस्य 41 जिलों के लिए जिला प्रमुख और 8245 पंचायत समिति सदस्य 457 प्रधानों का चुनाव करेंगे, जिनमें भी महिला आरक्षण लागू होगा। अनुमान है कि पंचायत चुनाव में 7 लाख से अधिक लोग के लिए सामने आ सकते हैं। जिला प्रमुख पदों का आरक्षण पहले ही तय हो चुका है।

सरपंच और वार्ड पंचों के पदों की लॉटरी आज
अब गुरुवार को उपखंड स्तर पर सरपंच और वार्ड पंचों के पदों की लॉटरी निकाली जाएगी। प्रदेश में 41 जिला परिषद और 457 पंचायत समिति और ग्राम पंचायतें 14 हजार से अधिक हैं, जिनके वार्डों की संख्या डेढ़ लाख से ज्यादा है। 41 जिला परिषदों में जिला प्रमुख पदों के लिए ओबीसी के 5, अनुसूचित जाति (एससी) के 8, अनुसूचित जनजाति (एसटी) के 7 प्रतिनिधि चुने जाएंगे, वहीं चूरू, अजमेर, झुंझुनू, चित्तौड़गढ़, हनुमानगढ़, डीग, श्रीगंगानगर, झालावाड़, फलोदी, बीकानेर एवं कोटा में जिला प्रमुख सामान्य महिला श्रेणी से होगा। बारां, बाड़मेर, भीलवाड़ा, जयपुर, जोधपुर, करौली, कोटपूतली-बहरोड़, राजसमंद, सिरोही एवं उदयपुर में भी जिला प्रमुख सामान्य श्रेणी में होंगे। सामान्य श्रेणी के पदों पर आरक्षित वर्ग के प्रतिनिधि भी चुने जा सकेंगे।