मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भूमि संबंधी शिकायतों को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए अधिकारियों को स्पष्ट चेतावनी दी है कि ऐसे मामलों में किसी भी स्तर की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने जिलाधिकारियों को निर्देश दिए कि भूमि विवादों के निस्तारण में दोषी पाए जाने वाले अधिकारियों और कर्मचारियों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। जरूरत पड़ने पर निलंबन जैसी कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाए।
मुख्यमंत्री बुधवार सुबह गोरखपुर प्रवास के दौरान गोरखनाथ मंदिर परिसर में आयोजित जनता दर्शन कार्यक्रम में लोगों की समस्याएं सुन रहे थे। लगातार दूसरे दिन आयोजित इस जनता दर्शन में बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें लेकर पहुंचे।
राजस्व कर्मियों की शिकायत पर सख्त निर्देश
जनता दर्शन के दौरान कुछ लोगों ने जमीन से जुड़े मामलों में राजस्व कर्मियों द्वारा लापरवाही और अनदेखी किए जाने की शिकायत की। इस पर मुख्यमंत्री ने तत्काल डीएम और संबंधित अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं के समाधान में शिथिलता कतई स्वीकार नहीं की जाएगी।
सीएम योगी ने कहा कि भूमि विवाद सीधे आमजन के अधिकारों और सुरक्षा से जुड़े होते हैं, इसलिए ऐसे मामलों का समयबद्ध और निष्पक्ष समाधान होना चाहिए।
इलाज के लिए सरकार करेगी मदद
जनता दर्शन में इलाज के लिए आर्थिक सहायता मांगने पहुंचे लोगों को मुख्यमंत्री ने भरोसा दिलाया कि सरकार हर जरूरतमंद के साथ खड़ी है। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि पात्र लोगों के आयुष्मान कार्ड तत्काल बनवाए जाएं, ताकि उन्हें इलाज में परेशानी न हो।
मुख्यमंत्री ने कहा कि जरूरत पड़ने पर विवेकाधीन कोष से भी आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।
करीब 150 लोगों से मिले मुख्यमंत्री
गोरखनाथ मंदिर परिसर स्थित महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन के बाहर आयोजित जनता दर्शन में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ करीब 150 लोगों से मिले। उन्होंने स्वयं लोगों के पास जाकर उनकी समस्याएं सुनीं और प्रार्थना पत्रों का अवलोकन किया।
इस दौरान एक महिला ने कुछ लोगों द्वारा मकान से बेदखल किए जाने की शिकायत की। मामले को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि महिला को उसके मकान पर कब्जा दिलाया जाए।
मुख्यमंत्री ने प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी शिकायतों का समाधान समयबद्ध, निष्पक्ष और संतोषजनक तरीके से किया जाए। उन्होंने कहा कि सरकार का उद्देश्य हर जरूरतमंद व्यक्ति को त्वरित न्याय और राहत उपलब्ध कराना है।











