एमपी को केंद्र से बड़ी सौगात, इस योजना के लिए मोदी सरकार देगी 4000 करोड़ रुपये, राज्य के विकास को मिलेगा नया बल

Author Picture
By Raj RathorePublished On: March 13, 2026

केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की महत्वाकांक्षी ‘जल जीवन मिशन’ योजना को आगे बढ़ाते हुए मध्य प्रदेश को एक बड़ी सौगात दी है। केंद्र ने राज्य सरकार को योजना के क्रियान्वयन के लिए 4000 करोड़ रुपये की राशि जारी की है। इस फंड का मुख्य उद्देश्य प्रदेश के हर ग्रामीण परिवार तक नल के जरिए स्वच्छ पेयजल पहुंचाना है।

यह वित्तीय सहायता मध्य प्रदेश में चल रहे ‘हर घर जल’ अभियान को और मजबूती देगी। राज्य सरकार इस राशि का उपयोग पाइपलाइन बिछाने, जल स्रोतों के विकास और अन्य जरूरी बुनियादी ढांचे को तैयार करने में करेगी ताकि योजना को समय पर पूरा किया जा सके।

मिशन का लक्ष्य और वर्तमान स्थिति

जल जीवन मिशन का राष्ट्रीय लक्ष्य 2024 तक देश के सभी ग्रामीण घरों में नल से पानी उपलब्ध कराना है। मध्य प्रदेश में इस योजना के तहत 1.22 करोड़ से अधिक ग्रामीण परिवारों को कवर करने का लक्ष्य रखा गया है।

आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, अब तक राज्य के लगभग 75 लाख ग्रामीण परिवारों, यानी करीब 61 प्रतिशत घरों तक नल कनेक्शन पहुंचाया जा चुका है। नई राशि मिलने से बाकी बचे हुए लगभग 47 लाख परिवारों तक पानी पहुंचाने के काम में तेजी आने की उम्मीद है।

अब तक 15,000 करोड़ से ज्यादा की मदद

यह पहली बार नहीं है जब केंद्र ने मध्य प्रदेश को इस मिशन के लिए वित्तीय मदद दी है। 2019 में योजना की शुरुआत से लेकर अब तक, केंद्र सरकार राज्य को कुल 15,395 करोड़ रुपये से अधिक की राशि आवंटित कर चुकी है। इसमें हाल ही में जारी किए गए 4000 करोड़ रुपये भी शामिल हैं। यह लगातार मिल रही वित्तीय सहायता दर्शाती है कि केंद्र सरकार मध्य प्रदेश में इस योजना की सफलता को लेकर कितनी गंभीर है।

देशभर में योजना की प्रगति

अगस्त 2019 में जब जल जीवन मिशन की शुरुआत हुई थी, तब देश के केवल 3.23 करोड़ ग्रामीण परिवारों (17%) के पास ही नल से पानी की सुविधा थी। पिछले कुछ वर्षों में इस योजना ने एक लंबा सफर तय किया है।

अब तक देश के 14 करोड़ से अधिक ग्रामीण परिवारों, यानी लगभग 73 प्रतिशत घरों में नल से जल की सुविधा पहुंच चुकी है। इस मिशन ने न केवल लोगों के जीवन को आसान बनाया है, बल्कि महिलाओं और बच्चों को पानी के लिए लंबी दूरी तय करने की मशक्कत से भी मुक्ति दिलाई है।