नई दिल्ली। भारतीय कुश्ती संघ (Wrestling Federation of India) इन दिनों अखाड़ा बना हुआ है। भारतीय पहलवान विनेश फोगाट (Vinesh Phogat), बजरंग पूनिया समेत करीब 30 पहलवान भारतीय कुश्ती संघ के खिलाफ दिल्ली के जंतर-मंतर पर धरने पर बैठ गए। संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह (Brij Bhushan Sharan) और कई कोच के खिलाफ यौन शोषण के आरोप लगे। विनेश फोगाट और साक्षी मलिक ने भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) के अध्यक्ष और सांसद बृजभूषण शरण सिंह पर यौन उत्पीड़न के संगीन आरोप लगाने के बाद आज दूसरे दिन धरना देना शुरू कर दिया है।

राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बडे़ बड़े पहलवानों को पटखनी देने वाले करीब 30 रेसलर धरना देने के लिए जुटे। प्रदर्शन कर रहे पहलवानों के आंखों में आंसू थे, तो चेहरे पर नाराजगी। इन रेसलर्स के पास महिला पहलवानों का यौन उत्पीड़न, अभद्रता, क्षेत्रवाद जैसे गंभीर आरोपों की लंबी लिस्ट थी। इन पहलवानों ने कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ मोर्चा खोला है।

एक तरफ 2011 से संघ के अध्यक्ष पद पर बने हुए बृज भूषण शरण सिंह हैं तो दूसरी ओर विनेश फोगाट, बजरंग पुनिया और साक्षी मलिक जैसे कुश्ती के नामचीन खिलाड़ी। बृज भूषण शरण सिंह पहली बार 2011 में भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बनाए गए थे। वह तीन बार से लगातार निर्विरोध इस पद पर बने हुए हैं। लेकिन आज ऐसे हालात हैं कि संघ और खिलाड़ी आमने-सामने हैं।

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जंतर मंतर पर प्रदर्शन कर रहे पहलवानों ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कुश्ती महासंघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह और कुछ कोच पर महिला रेसलर्स के यौन उत्पीड़न के आरोप लगाए। बृजभूषण शरण ने कहा कि कुश्ती में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करने की उम्र 22 से 28 साल के बीच ही होती है। उन्होंने पहलवानों पर हमला बोलते हुए कहा कि विरोध करने वाले ये पहलवान ओलंपिक पदक नहीं जीत सकते और यही कारण गुस्से में बदल रहा है और इसलिए वे विरोध कर रहे हैं।

पहलवानों की ओर से अपने ऊपर लगाए गए आरोपों पर भारतीय कुश्ती संघ के अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह ने खेल मंत्री अनुराग ठाकुर से फोन पर बात की है और अपना पक्ष रखा है। इस बीच खेल मंत्रालय तीन सदस्यी समिति बनाने पर विचार कर रहा है और इस समिति में महिला सदस्य भी होंगी। बृज भूषण सिंह पर खिलाड़ियों का आरोप है कि वो मनमाने तरीके से संघ चला रहे हैं।

पहलवान विनेश फोगट, साक्षी मलिक, बजरंग पुनिया और अन्य पहलवान भारतीय कुश्ती महासंघ (डब्ल्यूएफआई) और उसके प्रमुख बृजभूषण शरण सिंह के खिलाफ जंतर-मंतर पर दूसरे दिन मौन धरने पर बैठे हैं। पहलवान गीता फोगाट और बबीता फोगाट ने भी ट्वीट कर पहलवानों का समर्थन किया है। गीता ने लिखा “आज बहुत दुख: हुआ यह तस्वीर देखकर की हमारे देश के गौरव ओलंपिक पदक विजेता खिलाड़ी दिल्ली मे जंतर-मंतर पर धरने पर बैठे है। ये तानाशाही बंद होनी चाहिये आज हम पूर्ण रूप से अपने खिलाड़ी साथियो की मांगों का समर्थन करते है।

इस मामले पर प्रियंका गांधी का भी बयान सामने आया है। उन्होंने लिखा “हमारे खिलाड़ी देश की शान हैं। विश्व स्तर पर अपने प्रदर्शन से वे देश का मान बढ़ाते हैं। कुश्ती फेडरेशन व उसके अध्यक्ष पर खिलाड़ियों ने शोषण के गंभीर आरोप लगाए हैं। इन खिलाड़ियों की आवाज सुनी जानी चाहिए। आरोपों की जांच कर उचित कार्रवाई की जानी चाहिए।

इस मामले पर संज्ञान लेते हुए खेल मंत्रालय (sports ministry) ने कुश्ती महासंघ से 72 घंटे के भीतर आरोपों पर जवाब दाखिल करने के लिए कहा है। मंत्रालय का कहना है कि यह मामला एथलीटों की भलाई से जुड़ा है, ऐसे में मंत्रालय ने इसे गंभीरता से लिया है। इतना ही नहीं मंत्रालय ने 18 जनवरी से लखनऊ में होने वाले वूमन नेशनल रेसलिंग कैंप को भी रद्द कर दिया है। इसमें 41 रेसलर्स, 13 कोच और सपोर्ट स्टाफ को शामिल होना था।