लालकिले से पीएम मोदी का ऐलान- तीनों सेनाओं का सेनापति होगा ‘चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ’

0
198

नई दिल्ली। लालकिले पर तिरंगा फहराने से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी राजघाट पहुंचे हैं. यहां पर उन्होंने राष्ट्रपिता महात्मा गांधी को श्रद्धांजलि दी। बापू को श्रद्धांजलि देने के बाद पीएम मोदी लालकिले पहुंचे, जहां उन्होंने सेना का निरीक्षण किया। इसके बाद लालकिले की प्राचीर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तिरंगा फहराया। इस दौरान देश को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस और रक्षाबंधन पर्व की शुभकामनाएं दी। प्रधानमंत्री ने आजादी की लड़ाई में अपनी जान गंवाने वाले स्वतंत्रता सेनानियों को भी सलाम किया।

इस दौरान उन्होंने कहा कि नई सरकार को 10 हफ्ते भी नहीं हुए हैं, लेकिन इतने कम समय में भी हर क्षेत्र में काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि 10 हफ्ते के भीतर ही अनुच्छेद 370, 35ए का हटना सरदार वल्लभ भाई पटेल के सपनों को साकार करने में एक कदम है। पीएम ने कहा कि मुस्लिम बहनों के हित के लिए तीन तलाक को खत्म किया गया और बिल लाया गया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने लालकिले से बड़ा ऐलान किया है। तीनों सेनाओं में तालमेल को बढ़ाने के लिए अब उनका एक सेनापति बनाया जाएगा, जिसे श्चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफश् कहा जाएगा। सेना के इतिहास में ये पद पहली बार बनाया गया है। उन्होंने कहा कि तीनों सेनाओं को एक साथ चलना होगा।

उन्होंने प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के बारे में बताया कि किसानों को आज 90 हजार करोड़ रुपए सीधा खाते में दिए जा रहे हैं। हमने जलसंकट से निपटने के लिए अलग से मंत्रालय बनाया। हम मजदूरों और किसानों को भी पेंशन देने के लिए कदम बढ़ा रहे हैं। हमारे देश में आज डॉक्टरों की जरूरत है और नए कानूनों की भी जरूरत है। आज पूरी दुनिया में बच्चों के साथ अत्याचार हो रहा है, लेकिन हमारी सरकार ने देश में बच्चों के खिलाफ जुल्म करने वालों के खिलाफ कानून बनाया।

उन्होंने कहा कि देश में आज लोगों का मिजाज बदल गया है, 2014 से पहले देश में निराशा का माहौल था, किंतु हमने पांच साल विकास के लिए काम किया, हमने देश को हित में रखकर काम किया। 2019 में इसका असर दिखा और चुनाव में लोगों का उत्साह देखने को मिला। पीएम ने कहा कि 2019 में ना कोई नेता, ना मोदी चुनाव लड़ रहे थे, बल्कि सभी देशवासी अपने सपनों के लिए चुनाव लड़ रहे थे।

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि हम समस्या को टालते भी नहीं हैं और समस्या को पालते भी नहीं हैं. जो काम 70 साल में नहीं हुआ वो हमारी सरकार ने सत्तर दिन में कर दिया। उन्होंने कहा कि देश ने मुझे ये काम दिया था और वही मैं कर रहा हूं। जम्मू-कश्मीर को लेकर 70 साल हर किसी ने कुछ ना कुछ किया है, लेकिन परिणाम नहीं मिले। प्रधानमंत्री ने कहा कि घाटी के लोगों को कई सुविधाओं का फायदा नहीं मिल पा रहा था, वहां पर भ्रष्टाचार, अलगाववाद ने अपने पैर जमा लिए थे। पीएम मोदी ने कहा कि दलितों, गुर्जर समेत अन्य लोगों को अधिकार नहीं मिल पा रहे थे जो अब उन्हें मिलने वाले हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि सभी राजनीतिक दलों में कोई ना कोई ऐसा व्यक्ति है, जो अनुच्छेद 370 के खिलाफ या तो प्रखर रूप से या फिर मुखर रूप से बोला है. लेकिन जो लोग इसकी वकालत कर रहे हैं, उनसे देश पूछ रहा है कि ये इतना जरूरी था, तो 70 साल में आपने इन्हें क्यों अस्थाई बना रखा था। आगे आते और स्थाई बना देते, लेकिन आपमें इसकी हिम्मत नहीं था। पीएम मोदी ने कहा कि अभी तक हर दल की सरकार ने देश की भलाई में कुछ ना कुछ किया है, किंतु अभी भी 50 फीसदी लोगों के घरों में पीने का पानी उपलब्ध नहीं है. लोगों को पीने के पानी के लिए कई तरह की मुश्किलों का सामना करना पड़ता है। पीएम मोदी बोले कि हमारी सरकार अब हर घर में जल की ओर कदम बढ़ा रहे हैं। पीएम ने इस दौरान जल जीवन मिशन का ऐलान किया और साढ़े तीन लाख करोड़ रुपए के बजट का ऐलान किया। इसके तहत जल संचय, समुद्री पानी का इस्तेमाल, वेस्ट वाटर का इस्तेमाल, कम पानी में खेती के बारे में लोगों के बीच जागरूकता फैलाई जाएगी। प्रधानमंत्री ने इस दौरान जिक्र किया कि एक संत ने सौ साल पहले ही कह दिया था कि एक दिन आएगा जब पानी किराने की दुकान में बिकेगा।

स्वतंत्रता दिवस को लेकर मेहमानों का लालकिले पर पहुंचना शुरू हो गए थे। पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह, लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला, कई देशों को राजनयिक और कई मंत्री और सांसद लालकिले पर पहुंच गए हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here