सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस यूयू ललित ने आज मंगलवार को जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ का नाम अपने उत्तराधिकारी और भारत के नए सीजेआई के लिए नामित कर दिया है जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ देश के अगले मुख्य न्यायाधीश होंगे. जस्टिस चंद्रचूड़ अब अगले महीने 9 नवंबर को देश के 50वें मुख्य न्यायाधीश के तौर पर शपथ लेंगे. जस्टिस चंद्रचूड़ के पिता भी सीजेआई रहे हैं, ऐसे में यह पहला मौका होगा जब पिता के बाद बेटा भी देश के मुख्य न्यायाधीश का पद ग्रहण करेगा.

8 नवंबर को रिटायर होंगे सीजेआई ललित

सीजेआई ललित का कार्यकाल 8 नवंबर 2022 को समाप्त हो रहा है। वे मात्र 74 दिन इस पर पद रहेंगे। जस्टिस ललित 26 अगस्त 2022 को सीजेआई एनवी रमण का कार्यकाल पूरा होने के बाद देश के 49वें प्रधान न्यायाधीश नियुक्त किए गए थे। उनका कार्यकाल मात्र ढाई माह का है, जबकि उनके पूर्व प्रधान न्यायाधीशों का औसत कार्यकाल 1.5 साल का रहा है। जस्टिस चंद्रचूड़ 10 नवंबर 2024 को रिटायर होंगे। यानी वे दो साल तक देश के प्रधान न्यायाधीश रहेंगे। उन्हें 2016 में सुप्रीम कोर्ट का न्यायाधीश नियुक्त किया गया था।

 

 

पिता के बाद बेटा बनेगा न्यायाधीश

जस्टिस डीवाई चंद्रचूड़ देश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश जस्टिस वाई वी चंद्रचूड़ के बेटे हैं. याद रहे कि जस्टिस वाईवी चंद्रचूड़ 1978 से 1985 तक मुख्य न्यायाधीश पद पर रहे थे. मुख्य न्यायाधीश के पद पर अब तक का सबसे लंबा कार्यकाल इन्हीं का था. यह पहला मौका होगा जब देश के पूर्व मुख्य न्यायाधीश का बेटा देश के मुख्य न्यायाधीश का पद ग्रहण करेगा.

देश के नए सीजेआई होने जा रहे जस्टिस चंद्रचूड़ ने सुप्रीम कोर्ट के जज के तौर पर कई अहम फैसले दिए हैं, जबकि वह कई अहम फैसले देने वाली पीठ में भी शामिल रहे हैं. गर्भपात कानून को लेकर हाल ही में उन्होंने फैसला दिया था. इससे पहले राम मंदिर समेत कई अहम मामलों में फैसला लेने वाली पीठ में वह शामिल रहे हैं.