Breaking News

इस किले में है बेहिसाब रत्न और सोना, इंदिरा गांधी भी कर चुकी है निकालने की कोशिश

Posted on: 19 Jun 2018 14:46 by Lokandra sharma
इस किले में है बेहिसाब रत्न और सोना, इंदिरा गांधी भी कर चुकी है निकालने की कोशिश

भारत को किसी समय सोने की चिड़िया कहा जाता था. इस धरती में आभूषणों की कभी कमी नहीं हुई. कई ऐसे कहानी किस्से हमारे देश में मौजूद है जो हमारी अमीरी दिखाने के लिए काफी है. आज हम आपको एक ऐसे ही किले के बारे में बताने वाले हैं, जिसमें माना जाता है अरबो खरबो की कीमत का बेहिसाब रत्न और सोना गाड़ा गया है. यह वही किला है  जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने भी अपनी पूरी ताकत लगा दी थी इस धन को निकालने की. लेकिन ये संपदा तो मानो एक रहस्य ही बन कर रह गयी हो. हम बात कर रहे हैं अरावली पर्वत पर निर्मित जयगढ़ के किले की. आज हम आपको बताने वाले हैं इसी रहस्मयी किले के बारे में.

जयगढ़ के इस किले के राजा सवाई जयसिंह कहलाते थे. माना जाता है कि इस किले में आज भी अरबों-खरबों का खज़ाना सोना चांदी और रत्नों गढ़े हुए हैं. वहीं अगर इतिहास की तरफ रुख करें तो राजा मान सिंह और अकबर के बीच एक संधि हुई थी. इस संधि के अनुसार यह तय किया गया था कि राजा मान सिंह जिस किसी भी क्षेत्र पर विजय प्राप्त करेंगे वहां बादशाह अकबर का राज होगा, लेकिन वहां से मिले धन संपदा पर राजा मान सिंह का हक़ होगा. ऐसा बताया जाता है कि युद्धों की जीत से मिले बेहिसाब खजाने को राजा मान सिंह ने किले के तहखाने में छुपा कर रखा था.

पूर्व प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी को जब इस ख़जाने के बारे में जब पता चला तो उन्होंने इस ख़ज़ाने को खोजने के लिए अपनी पूरी ताकत लगा दी थी. इस कोशिश में छह महीने तक जयगढ़ के किले में छिपे खजाने की तलाश की गई लेकिन कुछ भी नही मिला. इस खजाने के बारे में आज तक किसी को कोई खबर नही है. यह खजाना सिर्फ एक रहस्य मात्र बन कर रह गया है.

Latest News

Copyrights © Ghamasan.com