Breaking News

डीएसपी ग्रुप ने ब्लैकरॉक में से 40 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदी

Posted on: 26 Jun 2018 13:51 by Praveen Rathore
डीएसपी ग्रुप ने ब्लैकरॉक में से 40 प्रतिशत हिस्सेदारी खरीदी

मुंबई। डीएसपी ग्रुप ने  ब्लैकरॉक इनवेस्टमेंट मैनेजर प्रा. लि. की ब्लैकरॉक में से 40 प्रतिशत की हिस्सेदारी खऱीद कर कंपनी के पूरे मालिकाना हक अपने नाम कर लिए हैं।

हेमेंन्द्र कोठारी द्वारा संचालित डीएसपी ग्रुप ने  वित्तीय सेवाएं प्रदान करने वाली भारत की सबसे पुरानी और सम्मानित कंपनी है, सांझेदारी में ब्लैकरॉक में हिस्सेदारी खऱीदने का मकसद यह है कि डीएसपी ऐसेट मैनेजमेंट व्यापार में अपनी उपस्थिति को कम नहीं करना चाहता। डीएसपी ब्लैकरॉक 2 मिलियन निवेशकों के लिए 1,10,000 करोड़ रुपए (16.5 बिलियन डॉलर) के इक्विटी, फिक्स्ड आय और वैकल्पिक (20 अप्रैल 2018 तक) एसेस्ट्स का प्रबंधन करती है और इन से संबंधित सेवाएं देती है।

कंपनी की ईवीपी एंड हेड सेल्स अदिति कोठारी देसाई ने बताया कि जहां तक इक्विटी बाज़ार की कीमत का सवाल है अ”र हम मौजूदा कीमत की तुलना 2007-08 के शिखर से करें तो बाज़ार मूल्य 12एम फॉरवर्ड पीई, 12एम फॉरवर्ड प्राईज़ टू बुक, मार्केट कैप/जीडीपी या कॉरपोरेट मुनाफ़े से जीडीपी जैसे प्रमुख मापदंडों के अनुसार कीमत उतनी अनोखी नहीं है। पीबी के आधार पर लार्ज कैप, स्मॉल एवं मिड कैप की तुलना में ज़्यादा आकर्षक ल”ते हैं, इस लिए हम निवेशकों को स्मॉल एवं मिड कैप में निवेश के लिए एसआयपीज़ में निवेश करने की सलाह देते हैं।

ब्याज दर में बढ़ोतरी दरों की दिशा तय करती है और बचतकर्ताओं के लिए यह अ’छी बात है कि दिशा अब वृद्धि की तरफ हो “ई है। निश्चित आय वाले निवेशों की दरें फंड की वृद्धि के लिए धन की मां” और पूर्ति पर निर्भर करती है। नोटबंदी और जीएसटी जैसे बदलावों के बाद आर्थिक वृद्धि ने रफ़्तार पकड़ ली है जिससे क्रेडिट की मांग  बढ़ रही है। क्रेडिट की मांग  बढऩे से सरकार से पैसे की मांग  बढ़ेगी, जिससे बैंक सरकारी सिक्युरिटीज़ और जमां ब्याज दरों में वृद्धि की ओर अग्रसर होंगे।

Latest News

Copyrights © Ghamasan.com