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गायत्रीमंत्र के जाप से होंगे ये चौकाने वाले फायदे

Posted on: 15 Jun 2018 07:47 by shilpa
गायत्रीमंत्र के जाप से होंगे ये  चौकाने वाले फायदे

नई दिल्ली : हमारे जीवन और धर्म दोनों में ही गायत्री मंत्र का एक सार्थक मतलब छुपा हुआ हैं। हम अपने बच्चों को बचपन में ही गायत्री मंत्र सिखाते है , और किस्से-कहानियो के साथ मंत्र की महिमा उन्हें बताते है ताकि जीवन में जब कभी कठिन समय आएगा तो उनका धैर्य टूटे नही

गायत्री मंत्र का जाप भगवान सूर्य के लिए किया जाता है इसलिए ये जाप करने का सही समय सुबह का है।गायत्री मंत्र को सूर्य देव की उपासना के लिए सबसे सरल और फलदायी मंत्र माना गया हैं। यह मंत्र चारों वेदों से मिल कर बना है। यह मंत्र निरोगी जीवन के साथ-साथ यश, प्रसिद्धि, धन व ऐश्वर्य देने वाली होती है। दिन में 2 से 3 बार गायत्री मंत्र के उच्चारण करने से गुस्सा, नकारत्मक ऊर्जा आदि दूर रहती है.

सबसे बड़ा मंत्र गायत्री मंत्र गायत्री को ब्रम्हास्त्र कहा गया है क्योंकि कभी किसी की गायत्री साधना निष्फल नहीं जाती। इसका प्रयोग कभी भी व्र्यथ नहीं होता है। गायत्री साधना द्वारा आत्मा का शुद्ध स्वरूप प्रकट होता है और अनेक ऋद्धि−सिद्धियां परिलक्षित होने लगती हैं।

गायत्री मंत्र का जाप हमेशा रुद्राक्ष की माला से ही करना चाहिए । तो आइये जाने गायत्री मंत्र के स्‍वास्‍थ्‍य लाभ।

1. दिमाग को शांत रखता है
ॐ के साथ इस मंत्र का उच्चारण करते ही वो अपने अंदर एक तरह की ध्वनि निर्माण होती है जिससे दिमाग शांत होता है साथ ही पढ़ने वाले बच्चों का कंसंट्रेशन बढ़ जाता है।

2. इम्यूनटी को बढ़ता है
गायत्री मंत्र का उच्‍चारण करने से हमारी ज़ुबान, होंठ, तालू और वोकल कॉर्ड पर असर होता है। साथ ही इसका जप लगातार करने से हमारे दिमाग के साथ साथ हमारे हाइपोथैलेमस पर भी असर होता है। जिससे हमारे शरीर की ऊर्जा बढ़ती है।

3.सांस लेना की क्रिया में सुधार
गायत्री मंत्र के उच्चारण से श्वासोश्वास की प्रक्रिया बेहतर होती है और शरीर में ऑक्सीजन का प्रवाह बढ़नेसे फेफड़ों की कार्यक्षमता बढ़ती है।

4. एकाग्रता और सीखने की क्षमता बढ़ती है
इसके मंत्रजाप से विद्यार्थियों को पढऩे में मन नहीं लगना, याद किया हुआ भूल जाना, शीघ्रता से याद न होना आदि समस्याओं से निजात मिल जाती है।विद्यार्थियों के लिए यह मंत्र बहुत लाभदायक है।

5. तंत्रिकाओं की कार्यप्रणाली में सुधार
जब हम उच्च स्वर में और भक्तिभाव से इस मंत्र का जाप करते है तो इससे हमारी जीभ, होंठ, वोकल कॉर्ड और उसे जुड़े हुए सारे अंगों में एक तरह का कंपन पैदा होता है। इसी कंपन से हमारी तंत्रिकाओं को ताकत मिलती है जिससे हमारी तंत्रिकाएं स्वास्थ रहती हैं।

6. हृदय को स्वास्थ रखता है
गायत्री मंत्र के जाप से हृदय में एक गहरी शांति का अनुभव होता है। इससे आपके फेफड़ों के साथ आपका हृदय भी स्वस्थ रहता है। इसके नियमित उचारण से हृदय की गति पर फर्क पड़ता है, हृदय की गति तेज़ होने से शरीर में रक्त प्रवाह तेज़ होता है जिससे शरीर स्वास्थ रहता है।

7. दिमाग को मज़बूत और अवसाद को दूर रखता है
गायत्री मंत्र के उचारण से शरीर में पॉजिटिव एनर्जी होती है ,इससे दिमाग की एकाग्रता बढती है जिससे आप अच्छे से याद रख पाते है। साथ ही अवसाद से दूर रहते है।

8. तनाव से बचाता है
अगर आप किसी तनाव में है तो मंत्रजाप करे। इससे ना केवल दिमाग शांत होगा ,आपका इम्यून सिस्टम भी ठीक रहेगा। साथ ही इसके लगातार जप करने से यह आपको आने वाले तनाव से भी बचाएगा।

9.श्वास-रोग से छुटकारा
गायत्री मंत्र का जप करते वक़्त लंबी और गहरी सांस लेनी और छोड़नी पड़ती है जिससे फेफड़ों को मज़बूती मिलती है। और श्वास-रोग जैसे दामे को नियंत्रण रखने में मदद मिलती है।

10. त्वचा में चमक लाता है
उच्च स्वर में जाप करनेसे हमारे चहरे की त्वचा में ब्लड सर्कुलेशन अच्छा होता है, और त्वचा से विषाक्त पदार्थ निकल जाते हैं। जिससे त्वचा में चमक आती है और त्वचा कई गुना निखार जाती है।

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